जनसंघ के पूर्व अध्यक्ष पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर रविवार को पूर्वांचल विश्वविद्यालय व भाजपा कार्यालय में संगोष्ठी का आयोजन किया गया। वक्ताओं ने कहा कि वह चुनाव हार गए पर जातिवादी हथकंडा कभी नहीं स्वीकारा।
भाजपा कार्यालय पर खरका कॉलोनी स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। मुख्य अतिथि भाजपा जिलाध्यक्ष पुष्पराज सिंह व संयोजक जिला मंत्री उमाशंकर सिंह रहे। मुख्य वक्ता पूर्व जिलाध्यक्ष हरिशचंद्र सिंह ने कहा कि पंडित दीनदयाल गौरवशाली राष्ट्रनिर्माण के लिए सिर्फ 21 वर्ष की अवस्था में संघ के प्रचारक बने थे। इस दौरानरविंद्र सिंह, पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव, राम सिंह मौर्या, नीरज सिंह उपस्थित रहे। संचालन अमित श्रीवास्तव ने किया।
उधर, पूर्वांचल विश्वविद्यालय में भारतीय संस्कृति एवं अर्थ नीति पर पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचार विषयक संगोष्ठी आर्यभट्ट सभागार में हुई। बतौर मुख्य अतिथि इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय प्रयागराज के रसायन विभाग के प्रोफेसर दिनेशमणि ने कहा कि उनकी अर्थनीति राष्ट्रवाद पर आधारित थी। कुलपति प्रोफेसर वंदना सिंह ने भी विचार रखे। इसके पूर्व विधि के विद्यार्थी अभिनव कीर्ति पांडेय व तनु श्रीवास्तव ने पंडित जी की संस्कृति और अर्थनीति पर चर्चा की। स्वागत भाषण व विषय प्रवर्तन प्रो. मानस पांडेय ने किया। इस दौरान प्रोफेसर वंदना राय, प्रोफेसर अशोक कुमार श्रीवास्तव, प्रो.अजय द्विवेदी, प्रोफेसर देवराज सिंह, प्रोफेसर रजनीश भास्क आदि उपस्थित रहे। संचालन डॉ.अनुराग मिश्र ने किया जबकि डॉ.अंकित कुमार ने आभार जताया।