जंघई फ्लाईओवर पर लोड टेस्टिंग करते इंजीनियर। संवाद
मीरगंज। मछलीशहर से वाराणसी तक 640 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच-731बी) के बहुप्रतीक्षित जंघई फ्लाईओवर पर तकनीकी लोड टेस्टिंग का काम शुरू कर दिया गया है। इंजीनियरों की देखरेख में शुरू हुआ सघन परीक्षण लगभग 20 दिनों तक चलेगा। इसके सफल समापन के बाद नवंबर महीने के पहले सप्ताह में इस फ्लाईओवर को आम जनता और वाहनों के आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा। परीक्षण प्रक्रिया के तहत नवनिर्मित फ्लाईओवर के स्लैब और गार्डर पर गिट्टी-बालू से लदे भारी-भरकम ट्रकों को सुनियोजित तरीके से खड़ा किया गया है। पुल के नीचे आधुनिक सेंसर और तकनीकी उपकरण लगाकर विशेषज्ञ हर घंटे इसकी भार सहन करने की क्षमता, डिफ्लेक्शन (झुकाव) और कंपन की रेटिंग रिकॉर्ड कर रहे हैं। इस दौरान राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के तकनीकी अधिकारी और कार्यदायी संस्था स्वास्तिक कंस्ट्रक्शन कंपनी के इंजीनियर मौके पर मौजूद रहकर हर पहलू की बारीक निगरानी कर रहे हैं। गौरतलब है कि नवंबर 2023 में शुरू हुए इस प्रोजेक्ट के फेज-1 (मछलीशहर से भदोही तक 49.2 किमी) का मुख्य सड़क निर्माण स्वास्तिक कंस्ट्रक्शन ने तय समय में पूरा कर लिया था। हालांकि, जंघई रेलवे क्रॉसिंग पर रेलवे की एनओसी में देरी, चौका मोड़ पर अतिक्रमण हटाने की बाधाओं और मानसूनी बारिश के कारण डामरीकरण रुकने से फ्लाईओवर का काम करीब छह महीने पिछड़ गया था।