जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय प्रशासन ने सत्र 2019-20 की मुख्य परीक्षा के लिए परीक्षा शुल्क चालान के जरिये लिए जाने का फरमान जारी किया है। विश्वविद्यालय से फरमान जारी के बाद कॉलेजों की बेचैनी बढ़ गई है। अब कॉलेज विश्वविद्यालय के खाते में छात्रों की फीस स्थानांतरित करने के बजाय छात्रों की फीस चालान के जरिये जमा करेंगे। इससे पहले छात्रों की फीस विश्वविद्यालय में कैश जमा होती है। जिसके चलते मिलान करने में परेशानी होती थी। कुछ कॉलेज मुख्य परीक्षा शुरू होने पर छात्रों की फीस जमा करते थे। उसके बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने खाते में फीस स्थानांतरित करने का फरमान जारी किया था, लेकिन चालू सत्र में विवि प्रशासन ने फिर नया फरमान जारी किया है कि अब कॉलेज छात्रों की फीस चालान के जरिये विश्वविद्यालय में जमा करेंगे। विश्वविद्यालय चालान की तीन प्रति देगा। एक प्रति बैंक के पास दूसरी कॉलेज के पास तीसरी प्रति विश्वविद्यालय में जमा करेगा। फीस रसीद से छात्रों की संख्या का आंकड़े विश्वविद्यालय तैयार करेंगे। विश्वविद्यालय ने कॉलेजों को लागिंग आईडी से समस्त छात्रों का सत्यापन चालान से किया जाएगा। मुख्य परीक्षा की फीस के अलावा रोवर्स रेजर्स, खेलकूद की फीस चालान से जमा कराएगी। विश्वविद्यालय प्रशासन का मानना है कि चालान से परीक्षा शुल्क जमा कराए जाने पर छात्रों की संख्या और फीस का आंकड़ा विश्वविद्यालय के पास उपलब्ध होगा। कॉलेज भी परीक्षा शुल्क जमा करने में छात्रों की संख्या में हेराफेरी नहीं कर पाएंगे। कॉलेज द्वारा फीस का आंकड़ा देने के बाद ही छात्रों को परीक्षा में शामिल किया जाएगा।