नुकसान का जायजा लेते आईजी व अन्य
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खराब राशन देने पर भड़के
गांव में मंगलवार आगजनी के बाद बेघर हुए लोगों के लिए चावल, आटा, दाल आदि सामग्री उपलब्ध कराई गई, मगर गुणवत्ता काफी खराब थी। ग्रामीणों ने उसे लेने से इंकार कर दिया। ग्रामीणों का कहना था कि आटा, चावल में कीड़े थे। जानवरों के खाने लायक भी राशन नहीं था। विरोध के बाद दोबारा राशन मंगाकर वितरित किया गया। बीडीओ वीरभानु सिंह ने घटनास्थल पर पहुंचकर नुकसान का आंकलन किया। बीडीओ ने बताया कि चार परिवारों के पास सिर्फ झोपड़ी ही थी। उनकी सूची तैयार कर ली गई है। उन्हें पक्का आवास मुहैया कराया जाएगा।
खौफ से दूल्हा नहीं लौटा घर, ससुराल में ही रुका
गांव में मंगलवार को मेवालाल की पुत्र सुरेंद्र की शादी थी। बरात पास के ही बरेजी गांव में गई थी। बरात में द्वारपूजा की रस्म चल रही थी, तभी गांव में उपद्रव किए जाने की सूचना पहुंच गई। सूचना मिलते ही बरात में हड़कंप मच गया। आधे से अधिक बराती गांव लौटे आए। यहां पहुंचे तो काफी कुछ नुकसान हो चुका था।
गांव में फोर्स डटी हुई थी। दूल्हे के घर में भी तोड़फोड़ की गई थी। दरवाजे के बाहर लगे टेंट उखाड़ दिए गए थे और कुर्सियां तोड़ दी गई। गांव के इस हालात की सूचना मिलते ही परिवार के लोग सहम गए। शादी के बाद दुल्हन की विदाई नहीं हुई। दूल्हे को भी ससुराल में ही रोक दिया गया।