महिला की हत्या मामले में गिरफ्तारी हत्यारोपी मां, बेटी और बेटा। पुलिस विभाग
रामपुर (जौनपुर)। आशापुर (फेरूपुर) गांव के समीप वरुणा नदी किनारे एक युवक की उसके मामा के बेटे ने 14 हजार रुपये न लौटाने पर ईंट से सिर पर वार कर हत्या कर दी। सुबह सरसों के खेत में शव पड़ा होने की सूचना पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। भदोही जिले की सीमा से लगे रामपुर थानाक्षेत्र के आशापुर फेरूपुर घाट स्थित सरसों के खेत में सोमवार को एक युवक का शव मिला। युवक की इंटरलॉकिंग वाले ईंट से सिर कूंचकर हत्या की गई थी। गांव से तकरीबन एक किमी दूर अज्ञात युवक का शव देखकर ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी। क्षेत्राधिकारी मड़ियाहूं परमानंद कुशवाहा, थानाध्यक्ष रामपुर विनोद कुमार और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। बाइक की पहचान होने के बाद शव की पहचान सिकरारा थानाक्षेत्र के मेहदी गांव निवासी बृजेश यादव (23) पुत्र लालचंद्र के रूप में हुई। क्षेत्राधिकारी ने बताया कि मामले में तीन टीमें गठित की गईं हैं। पुलिस की जांच में पता चला कि युवक एक दिन पहले दूसरे की बाइक लेकर अपने मामा के घर भदोही जिले के तुलसीचक गांव के लिए निकला था। उसके साथ उसके सगे मामा स्व. दशरथ यादव का बेटा रोहित यादव भी था। पूछताछ में हत्या की कहानी सामने आई। सीओ के मुताबिक रोहित ने ही बृजेश की हत्या कर दी। पूछताछ में उसने बताया कि पूर्व में अपने परिचित से उधार लेकर उसने 14 हजार रुपये बृजेश को दिए थे। उधारी देने वाले को रुपये लौटाने के लिए वह मांग रहा था लेकिन बृजेश गालीगलौज करने लगा। क्षणिक रूप से आवेश में आकर रोहित ने बृजेश के सिर पर ईंट से वार कर उसकी हत्या कर दी। मृतक के पिता लालचंद्र की तहरीर पर पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी रोहित यादव को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने बताया कि वह और बृजेश अलग-अलग बाइक से थे। आशापुर (फेरूपुर) गांव के समीप वरुणा नदी के किनारे रुके। यहीं पर शराब पी। इसके बाद दोनों में रुपये को लेकर कहासुनी हो गई। इसी दौरान रोहित ने बगल में पड़े ईंटरलॉकिंग की ईंट से उसके सिर पर वार कर दिया। घटना के बाद वह वहां से चला गया। इधर, खून से लथपथ बृजेश खुद को संभाल नहीं पाया और खेत में गिर पड़ा, जहां किसी की नजर नहीं पड़ी और उसकी वहीं पर तड़प-तड़प कर उसकी मौत हो गई। इधर, घटनास्थल से तकरीबन 20 मीटर दूरी से बरामद हुई बाइक के चेसिस नंबर के आधार पर पुलिस ने मृतक की पहचान की और तीन घंटे के अंदर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।