रायबरेली-जौनपुर मार्ग पर बन रहे इटहरा सतहरिया-बाईपास के लिए अधिग्रहीत की गई जमीन के समुचित मुआवजे की मांग को लेकर मंगलवार को 50 किसान दिल्ली रवाना हुए।
वहां सुप्रीम कोर्ट में मामले की अपील की जाएगी। बाईपास के लिए क्षेत्र के 11 गांवों के 511 किसानों की जमीन जा रही है। कांग्रेस नेता डा. बीएल वर्मा के नेतृत्व में किसान मंगलवार को काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस से दिल्ली रवाना हुए।
किसानों का कहना है कि जब तक सरकार किसानों को भूमि का उचित मुआवजा नहीं देती, आंदोलन जारी रहेगा।
किसानों की समस्याओं को लेकर डा. वर्मा के साथ कांग्रेस कार्यकर्ता नौ दिन तक धरना-प्रदर्शन करते हुए भूख हड़ताल पर रहे।
जिला प्रशासन के माध्यम से सरकार को ज्ञापन सौंपा गया था। वक्ताओं ने कहा कि भूमि अधिग्रहण के लिए मुआवजे के मसले को पार्टी हाईकमान ने सुप्रीम कोर्ट में ले जाने का निर्देश दिया है।
इस मौके पर राजेश पटेल, अभिषेक पटेल, विनोद सिंह, बलराम सिंह, अफजल, मोहम्मद आजम राईन, कामरान, अशोक यादव, शंकर लाल पटेल, बच्चू मौर्या, राजेंद्र कुमार, पारस नाथ, राम शिरोमणि, राजन, जियालाल, मोहन लाल, कृष्ण कुमार, राजेश कुमार, यमुना प्रसाद, लाल बहादुर, राधेश्याम, रामअवध यादव, राजमणि, मौर्य, रामलखन, राममूर्ति, इंद्र बहादुर, धनीराम, गुुरुदीन, रामजस, शंभूनाथ, सुनील पटेल, रामखेलावन, नरेश, रामसमुझ आदि किसान दिल्ली के लिए रवाना हुए।