मीरगंज। मछलीशहर से जंघई जाने वाली 11 हजार मेन लाइन में एनएच की सड़क निर्माण के दौरान बिजली ठेकेदार की लापरवाही से दो विद्युत उपकेंद्र के 72 गांव में 24 घंटे तक बिजली आपूर्ति ठप रही। मंगलवार की सुबह लाइनमैन ने बिजली ठीक की तब जाकर लोगों को राहत मिली।
मछलीशहर वाराणसी एनएच 731-बी का निर्माण कराया जा रहा है। इसके साथ ही जंघई बाईपास का निर्माण भी कराया जा रहा है। सेमरी गांव में 11 हजार की मेन लाइन को अंडर ग्राउंड करने के लिए एनएच निर्माण के बिजली विभाग के ठेकेदार ने आधे घंटे का शट डाउन लेकर काम शुरू किया था। इस दौरान कई पोल के तार एक दूसरे से लिपट गए व कई पोल टेढे हो गए। जिसके कारण जंघई विद्युत उपकेंद्र तथा गोपालपुर विद्युत उपकेंद्र की आपूर्ति बाधित हो गई। जिसके कारण 72 गांव की आपूर्ति 24 घंटे बाधित हो गई। मंगलवार की सुबह विद्युत विभाग की ओर लाइन ठीक कर आपूर्ति शुरू करा दिया। जिसके बाद लोगों को गर्मी से राहत मिली।
जंघई व गोपालपुर विद्युत उपकेंद्र की सप्लाई बाधित होने से सेमरी, असवां, बभनियांव, जंघई गरियांव, करौर मोलनापुर, चौकी कला, गोधना किशुनदासपुर, चौकी खुर्द, चितांव, भटेवरा कठार, ऊचडीह, लासा, अदारी, जगदीशपुर, माधोपुर, इमिलिया, रामगढ़, बरावां, भिदूना, गुरगुजी, अगहुआ, सवैया, सरायदेवा, देवापुर, भटहर, चकिया, चौधरीपुर, रामडीह, अलापुर, हवेली, कसेरवां, कमासिन, जरौना, मेदपुर, बनकट, मीरपुर, उमरी, करियांव, मीरगंज बाजार, लालीपुर, दाऊदपुर, कोटिंया सहित 72 गांव में अंधेरा फैल गया। इनमें करीब दो लाख से अधिक की आबादी प्रभावित रही।
एनएच विभाग ने आधे घंटे के लिए शट डाउन लिया था। इसी में सात खंभों के तार पोल से उतरे गए जिसे ठीक कर आपूर्ति शुरू करा दी गई।
- आदित्य मारकंडेय, एसडीओ जंघई विद्युत उपकेंद्र।