जौनपुर। मौसम में हो रहे उतार चढ़ाव और बदलाव से खांसी और वायरल फीवर के मामले बढ़े हैं। जिला अस्पताल में इलाज के लिए मरीजों की भीड़ लग रही है। मंगलवार को 1406 मरीजों की ओपीडी रही। दो दिन पहले हुई बारिश और फिर तेज गर्मी से लोगों के सेहत पर प्रतिकूल असर डाल रही है। आलम यह है कि हर रोज 1300 से 1400 मरीज इलाज के लिए अस्पताल पहुंच रहे हैं। इसमें अधिकांश सर्दी, खांसी और बुखार पीड़ित हैं। अस्पताल के वरिष्ठ फिजिशियन डाॅ. अशोक कुमार यादव ने बताया कि वायरल फीवर और खांसी के मरीजों की संख्या बढ़ी है। इंफेक्शन और एलर्जी के मरीज भी बढ़े हैं। मौसम में संक्रमण से बचने के लिए तेज धूप में सीधे निकलने से बचें। अगर निकलना भी हो तो सिर पर तौलिया रखें। छाता लेकर निकलें। पानी का खूब सेवन करें। गंदा पानी और दूषित भोजन से परहेज करें। बहुत जरूरी होने पर धूप में बाहर निकलें।
15 फीसदी बढ़े चर्म रोग के मरीज
बढ़ते तापमान से चर्म रोग के मरीजों की संख्या 10 से 15 फीसदी बढ़ी है। अधिक गर्मी और पसीना से लोग चर्म रोग के शिकार हो रहे हैं। त्वचा रोग विशेषज्ञ डाॅ.अमरदीप का कहना है कि अधिक गर्मी और तेज धूप से लोगों को पसीना अधिक आ रहा है। इससे चर्म रोग की समस्या बढ़ रही है। फंगल इंफेक्शन और खुजली के शिकार हो रहे हैं। इससे बचने के लिए साफ-सफाई का ध्यान रखें। ढीले सूती कपड़े पहनें। शीघ्र उपचार कराएं तो फंगल इंफेक्शन से बचा जा सकता है।
कोट
बदलते मौसम से सर्दी, खांसी और बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ी है। डाॅक्टरों को निर्देश दिया है कि वह मरीजों की जांच कराएं और बेहतर इलाज करें। अस्पताल में सभी दवाएं उपलब्ध हैं।
-डाॅ.केके राय, सीएमएस जिला अस्पताल।
- कभी बारिश तेज धूप तो कभी बारिश से बिगड़ रही लोगों की सेहत
फोटो संख्या-
संवाद न्यूज एजेंसी
जौनपुर। मौसम में हो रहे उतार चढ़ाव और बदलाव से खांसी और वायरल फीवर के मामले बढ़े हैं। जिला अस्पताल में इलाज के लिए मरीजों की भीड़ लग रही है। मंगलवार को 1406 मरीजों की ओपीडी रही। दो दिन पहले हुई बारिश और फिर तेज गर्मी से लोगों के सेहत पर प्रतिकूल असर डाल रही है। आलम यह है कि हर रोज 1300 से 1400 मरीज इलाज के लिए अस्पताल पहुंच रहे हैं। इसमें अधिकांश सर्दी, खांसी और बुखार पीड़ित हैं। अस्पताल के वरिष्ठ फिजिशियन डाॅ. अशोक कुमार यादव ने बताया कि वायरल फीवर और खांसी के मरीजों की संख्या बढ़ी है। इंफेक्शन और एलर्जी के मरीज भी बढ़े हैं। मौसम में संक्रमण से बचने के लिए तेज धूप में सीधे निकलने से बचें। अगर निकलना भी हो तो सिर पर तौलिया रखें। छाता लेकर निकलें। पानी का खूब सेवन करें। गंदा पानी और दूषित भोजन से परहेज करें। बहुत जरूरी होने पर धूप में बाहर निकलें।
15 फीसदी बढ़े चर्म रोग के मरीज
बढ़ते तापमान से चर्म रोग के मरीजों की संख्या 10 से 15 फीसदी बढ़ी है। अधिक गर्मी और पसीना से लोग चर्म रोग के शिकार हो रहे हैं। त्वचा रोग विशेषज्ञ डाॅ.अमरदीप का कहना है कि अधिक गर्मी और तेज धूप से लोगों को पसीना अधिक आ रहा है। इससे चर्म रोग की समस्या बढ़ रही है। फंगल इंफेक्शन और खुजली के शिकार हो रहे हैं। इससे बचने के लिए साफ-सफाई का ध्यान रखें। ढीले सूती कपड़े पहनें। शीघ्र उपचार कराएं तो फंगल इंफेक्शन से बचा जा सकता है।
कोट
बदलते मौसम से सर्दी, खांसी और बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ी है। डाॅक्टरों को निर्देश दिया है कि वह मरीजों की जांच कराएं और बेहतर इलाज करें। अस्पताल में सभी दवाएं उपलब्ध हैं।
-डाॅ.केके राय, सीएमएस जिला अस्पताल।