धोखे से घर से बुलाकर कुछ लोग मढी गांव के पूर्व प्रधान शेर बहादुर सरोज की रविवार की रात गोली मारकर हत्या करने के बाद भाग निकले।
सुबह लोग जब खेत की तरफ गए तो उन्होंने पूर्व प्रधान का शव देखा तो परिवार वालों को सूचना दी। हत्या को लेकर ग्रामीणों में गुस्सा उत्पन्न हो गया।
ग्रामीणों ने शव को बाबतपुर-जमालापुर मार्ग पर सिहोरी डिह गांव के पास रखकर सड़क जाम कर दिया। सूचना पर पहुंचे एसडीएम और सीओ ने समझा बुझाकर लोगों को शांत कराया।
इस मामले में वर्तमान ग्राम प्रधान सहित चार लोगों के खिलाफ मृतक की पत्नी ने केस दर्ज कराया है। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
परिवार वालों की मानें तो रविवार की देर शाम गांव के लालजी यादव नाम का व्यक्ति पूर्व ग्राम प्रधान के यहां पहुंचा और धोखे से उन्हें बुलाकर खेत की तरफ ले गया। देर रात तक शेर बहादुर सरोज घर नही लौटे तो परिवार वालों को
चिंता हुई। उन्हें खोजते हुए परिवार वाले लालजी के घर भी गए, लेकिन लालजी घर पर नही था। रात भर इधर उधर खोजबीन करने के बाद परिवार के लोग सो गए। सोमवार की सुबह जब गांव के लोग खेत की तरफ गए तो नहर के
पास उसका शव पड़ा था। उसके कनपटी के बाई तरफ सटाकर तमंचे से गोली मारी गई थी। घटना स्थल पर काफी मात्रा में खून गिरा हुआ था। पूर्व प्रधान की हत्या की खबर मिलते ही गांव में हड़कंप मच गया।
लोग सैकड़ों की संख्या में मौके पर पहुंच कर शव लेकर बाबतपुर-जमालापुर मार्ग पर आवागमन बाधित कर दिया। एसडीएम मडि़याहूूं रामकेश यादव और सीओ जितेंद्र श्रीवास्तव मय फोर्स मौके पर पहुंचे जहां ग्रामीणों ने वर्तमान ग्राम
प्रधान सहित चार लोगों पर हत्या का केस दर्ज करने और 10 लाख रुपये मुआवजा दिए जाने की मांग की। एसडीएम ने किसान बीमा दुर्घटना का पांच लाख और 30 हजार रुपये पारिवारिक लाभ देने का आश्वासन देकर जाम समाप्त
कराया। इस मामले में पूर्व प्रधान की पत्नी प्रभावती देवी ने लालजी यादव, विंधेश्वरी सरोज, ग्राम प्रधान राम आसरे यादव, दिनेश सरोज के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कराया है।