जौनपुर। जफराबाद के राजेश सिंह जमैथा हत्याकांड के आरोपी रजनीकांत उर्फ सिंटू ने सोमवार को एफटीसी प्रथमकी कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया। उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट पिछली तारीख पर जारी हुआ था। उसने वारंट निरस्त कराने की प्रार्थना पत्र नहीं दिया। बल्कि यह प्रार्थना पत्र दिया कि उसकी जान को खतरा है। उसे न्यायिक अभिरक्षा में लिया जाए। कोर्ट ने आरोपी को जेल भेज दिया। आरोपी का भाई आनंद यादव पहले से जेल में है।आरोपी रजनीकांत पर हाल ही में विद्युत विभाग के ठेकेदार नवल किशोर सिंह की हत्या का आरोप है।इस मामले में पुलिस सरगर्मी से उसकी तलाश कर रही थी।उसके भाइयों ने गिरफ्तारी के बाद उसके नाम का खुलासा किया था। राजेश हत्याकांड के मुकदमे में आरोपी के खिलाफ हाजिरी माफी की दरखास्त उसके अधिवक्ता द्वारा नहीं दी गई थी।इसी कारण उसके खिलाफ न्यायाधीश ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया था। लेकिन उसने वारंट निरस्त कराने की भी प्रार्थना पत्र नहीं दिया। स्पष्ट है कि पुलिस के डर से आरोपी राजेश सिंह हत्याकांड में गैरहाजिर रहा और दरखास्त भी नहीं दी गई। जिसके कारण उसके खिलाफ वारंट हुआ और वह हाजिर होकर वारंट निरस्त कराने का प्रार्थना पत्र भी नहीं दिया और जान का खतरा बताते हुए जेल चला गया।