पंवारा थाना क्षेत्र के स्थानीय गांव से बुधवार की रात पशु तस्कर तमंचे के बल पर भैंस पिकअप पर लाद ले गए। जबकि इसी थाना क्षेत्र के कुड़रिया गांव में भैंस पिकप पर लाद रहे तस्करों का विरोध करने पर पशुपालक की पिटाई कर तस्कर भैंस उठा ले गए।
पंवारा गांव निवासी पूर्व ग्राम प्रधान अवध नारायण घर के बरामदे में सो रहे थे और उनकी भैंस पशुशाला में बंधी थी। करीब आधी रात को पिकअप सवार कुछ लोग पहुंचे और पशुशाला में बंधी उनकी भैंस को खोलकर गाड़ी पर लाद रहे थे। तभी आवाज सुनकर अवध नारायण की नींद टूट गई। वह शोर मचाते हुए दौड़े तो तस्करों में से एक ने उनपर तमंचा तान दिया। जब तक गांव के लोग पहुंचते, तब तक भैंस लादकर तस्कर भाग गए। घटना की सूचना 100 नंबर पर दी गई। उधर इसी थाना क्षेत्र के कुडनिया गांव निवासी लालजी प्रजापति के घर के सामने बंधी भैंस और भैंसा तस्कर पिकअप पर लाद रहे थे तभी लालजी की नींद टूट गई। तब तस्करों ने पकड़कर उनकी पिटाई कर दी और भैंस व भैंसा पिकअप पर लादकर ले गए। दोनों घटनाओं की तहरीर पीड़ितों की ओर से पुलिस को दी गई है।