रमेश से छोटा भाई दिनेश कुमार रोजी-रोटी के सिलसिले में परिवार के साथ बाहर रहता है। सबसे छोटा भाई जयहिंद उर्फ छोटू अपनी बूढ़ी मां राजकुमारी व दो छोटी बहनों के साथ अलग रहता है। प्रधान जंग बहादुर यादव की सूचना पर जफराबाद थाना प्रभारी रामसरिख गौतम मौके पर पहुंचे। उन्होंने दोनों के शव को उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
थाना प्रभारी रामसरिख गौतम ने बताया कि मामला पारिवारिक कलह का लगता है। मृतकों का मोबाइल लिया गया है। उसकी जांच भी की जाएगी। उसने बैंक से कर्ज भी ले रखा था, हो सकता है वह भी एक पहलू हो। सभी बिंदुओं पर जांच की जाएगी।
रमेश कुमार व उसकी पत्नी मीना ने पांच समूहों से तीन लाख दो हजार 361 रुपये कर्ज ले रखा था। जिसमें उसने एक लाख 17 हजार 871 रुपये जमा किया था। इसमें एक लाख 84 हजार 490 रुपये बाकी था। सोमवार को किस्त जमा करने का समय था। मैनेजर किस्त के लिए घर भी गया था लेकिन रमेश पैसा जमा नहीं कर पाया। कहीं खुदकुशी का कारण यह भी बन सकता है। रमेश के नाम से एक समूह, मोनी के नाम से तीन समूहों से एक समूह में दोनों के पर नाम लोन था। उसकी बाइक पर भी लोन पर था।