बक्शा। विकास खंड के लेदुका बाजार में मंगलवार को कांग्रेसजनों ने प्रयागराज में शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के साथ दुर्व्यवहार की निंदा की। वरिष्ठ कांग्रेसी नेता एवं उत्तर प्रदेश विचार विभाग के महासचिव और पीसीसी सदस्य जयशंकर दुबे ने कहा कि भाजपा सरकार में पहली बार इस तरह की परंपरा टूटी है। शंकराचार्य के अनशन पर बैठने के बाद भी किसी जिम्मेदार ने उनके स्वास्थ्य की जानकारी नहीं ली। उन्होंने प्रयागराज माघ मेले में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को शाही स्नान से रोकने और उनके साथ हुए दुर्व्यवहार की निंदा करते हुए कहा कि खुद को हिंदुओं का मसीहा बताने वाली भाजपा सरकार हिंदू संतों का अपमान कर रही है। लेकिन, सरकार की ओर से अब तक कोई संवेदनशील प्रतिक्रिया नहीं आई है। कांग्रेस नेता ने कहा कि शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पिछले 40 वर्षों से नियमित रूप से शाही स्नान करते आ रहे हैं और यह पहली बार है, जब उन्हें इस अखंड धार्मिक परंपरा से रोका गया है। उन्होंने कहा कि मौनी अमावस्या का शाही स्नान एक अखंड परंपरा है, जिसमें विघ्न डालना असुरों का काम माना जाता है। इस मौके पर कांग्रेसी नेता कमला प्रसाद तिवारी, बदलापुर मंडल अध्यक्ष महात्मा शुक्ला, चंद्रजीत गुप्ता, सुनील श्रीवास्तव, राकेश सिंह, मुंशीरजा, आलोक मिश्र, महेंद्र यादव, आनंद कनौजिया, कुलदीप आदि मौजूद रहे।