दुधिया रोशनी में जगमगाने वाले शहर में इस समय रात के समय लोगों को अंधेरे में आवागमन करना पड़ रहा है। कारण, शहर की सड़कों पर लगे 2650 एलईडी बल्ब महीनों से खराब पड़े हैं। लिहाजा शाम होते ही सड़कों पर अंधेरा पसर जाता है। खराब बल्ब बदलने की चिंता न तो कार्यदायी फर्म को है और न ही नगर पालिका के जिम्मेदारों को। बारिश के बाद सड़क के गड्ढों में राहगीर गिरते-पड़ते आवागमन को विवश हैं।
सवा तीन लाख की आबादी वाले शहर की सड़कों पर पथ प्रकाश के लिए वर्ष 2017 में निजी कंपनी को बल्ब लगाने का ठेका दिया गया था। उसे पांच साल तक मेंटेनेंस भी करना था। कंपनी ने पूरे शहर में तकरीबन 13 हजार एलईडी बल्ब लगाए हैं। जब ये बल्ब लगाए गए तो शहर की सड़कें रात में प्रकाश से जगमगा रही थीं। लोगों को आवागमन में भी सहूलियत होती थी, लेकिन छह माह से सड़कों पर लगे 2650 बल्ब खराब पड़े हुए हैं। मोहल्ले की सड़क तो अंधेरे में है ही, मुख्य मार्ग पर अंधेरा पसरा हुआ है। अहियापुर से रेलवे अंडरब्रिज, सब्जी मंडी से कोतवाली, कोतवाली से ओलंदगंज, रेलवे क्रॉसिंग तक, चाचकपुर रोड, टीडी कॉलेज सहित अन्य सड़कों पर रात में अंधेरा होने से राहगीरों को दुश्वारी हो रही है। बारिश के बाद परेशानी और बढ़ गई है।
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वर्जन...
निजी कंपनी को नोटिस भेजकर शीघ्र खराब एलईडी बल्ब बदलने का निर्देश दिया गया है। पांच साल तक मेंटेनेंस की जिम्मेदारी कंपनी की है। अनुबंध की शर्तों का पालन न करने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। -संतोष कुमार मिश्रा, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद।