डोभी। वाराणसी-आजमगढ़ मार्ग पर चंदवक में गोमती नदी पर बने श्यामा प्रसाद मुखर्जी सेतु के क्षतिग्रस्त होने के बाद बड़े वाहनों के आवागमन को रोक लगा दिया गया था। वाहनों के संचालन पर रोक लगाने के लिए अवरोधक के तौर पर लोहे का बैरियर लगाया गया था। जिसे अराजक तत्वों ने पांचवीं बार तोड़ दिया, जबकि बैरियर की सुरक्षा के लिए पुलिस की ड्यूटी लगाई गई है। बैरियर की सुरक्षा को लेकर पुलिस बेपरवाह बनी है।
एनएचएआई द्वारा छह माह पूर्व गोमती पुल को क्षतिग्रस्त घोषित करने बाद बड़े वाहनों का आवागमन डीएम के आदेश पर प्रतिबंधित कर दिया था। बड़े वाहन इधर से न गुजरे इसके लिए विभाग द्वारा पुल के दोनों तरफ लोहे के गार्डर की बैरिकेडिंग कर दी गई। साथ ही चंदवक व मोढ़ेला पर भी अवरोधक लगाने के साथ ही सुरक्षा के लिए पुलिस की ड्यूटी लगाई गई थी। बावजूद इसके अराजक तत्व एक बार फिर पुल के दक्षिण तरफ लगाए गए बैरियर को तोड़ दिया। गार्डर के तोड़ने को लेकर कयास लगाए जा रहे हैं कि बगैर जेसीबी के इसे तोड़ा नहीं जा सकता। पुलिस की सुरक्षा ड्यूटी के बाद भी पांचवीं बार गार्डर के टूटने पर लोग पुलिस की लापरवाही मान रहे हैं।