खुटहन। थाना क्षेत्र के पटैला गांव में रविवार की सुबह बीडीसी सदस्य और हार्डवेयर दुकान के संचालक मोहम्मद परवेज को मुठभेड़ के दौरान आजमगढ़ में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान पैर में गोली भी लगी है।
उधर, परिवार के लोगों का आरोप है कि पुलिस ने फर्जी मुठभेड़ दिखाकर निरपराध परवेज को निशाना बना दिया। परिजनों का दावा है कि किसी भी थाने में एक भी मामले में वांछित नहीं है। वहीं, खुटहन पुलिस का कहना है कि युवक पर अंबेडकर नगर और मिर्जापुर में गोवंश तस्करी के मामले दर्ज हैं। मोहम्मद परवेज खुटहन के वार्ड नंबर-29 से क्षेत्र पंचायत सदस्य है। वह गांव के पटैला बाजार में हार्डवेयर की दुकान चलाता है। दुकान का संचालन वह अपने छोटे भाई अबरार अहमद के साथ मिलकर करता है। पिता मुनीर ने बताया कि मोहम्मद परवेज शनिवार को किसी काम से आजमगढ़ गया था। भोर में सूचना मिली कि वहां की पुलिस ने मुठभेड़ में उसे गोली मार दी है। घायल अवस्था में जिला चिकित्सालय पहुंचाया गया है। आरोप है कि उसे देखने के लिए छोटा बेटा अबरार गया तो पुलिस ने उसका मोबाइल फोन छीनकर उसे भी हिरासत में लिया। पत्नी शबनम का दावा है कि पति ईमानदारी से बच्चों की पढ़ाई लिखाई के साथ ही गांव में लोगों का सहयोग करते हैं। उनके खिलाफ कहीं कोई मुकदमा दर्ज नहीं है। पुलिस फर्जी तरीके से गोवंश तस्करी बताकर गोली मारी है। थानाध्यक्ष चंदन राय ने भी बताया कि मोहम्मद परवेज के खिलाफ खुटहन थाने में कोई मुकदमा दर्ज नहीं है। हालांकि मिर्जापुर और आंबेडकरनगर में गोवंश तस्करी के मामले दर्ज हैं।