लोहिया पर्यावरणीय उद्यान (पार्क) बनाने के लिए निदेशक उद्यान व निदेशक कृषि विभाग के अधिकारियों में पौन घंटे तक बहस चलती रही, लेकिन पार्क बनाने के लिए सहमति नहीं बन सकी।
निदेशक कृषि ने जहां लगभग आधा हेक्टेयर भूमि देने पर सहमति जताया, वहीं उद्यान निदेशक पार्क बनाने के लिए एक हेक्टेयर भूमि देने की मांग कर रहे थे। निदेशक द्वय अपनी-अपनी शर्तों पर अड़े रहे।
जिले में लोहिया पर्यावरणीय उद्यान (पार्क) बनाने के मद्देनजर कृषि परिसर में भूमि का चयन करने के लिए बुधवार को शासन के निर्देश पर उद्यान निदेशक एसपी जोशी और कृषि निदेशक एके विश्नोई बुधवार को मध्याह्न 12 बजे पहुंचे।
इसके बाद निदेशक द्वय ने कृषि विभाग परिसर का भ्रमण किया। कृषि कार्यालय के पूरब स्थित भूमि के दक्षिणी भाग में पार्क बनाने पर सहमति बनी।
साथ ही जमीन की माप भी की गई। सब कुछ होने के बाद कृषि निदेशक लगभग आधा हेक्टेयर भूमि देने पर राजी हुए । इसके बाद दोनों निदेशकों के बीच करीब 45 मिनट तक आपस में वार्ता होती रही, लेकिन आखिरकार सहमति नहीं
बन पाई। निदेशक कृषि जहां लगभग आधा हेक्टेयर भूमि देने पर सहमत थे, वहीं दूसरी तरफ निदेशक उद्यान एक हेक्टेयर भूमि की मांग कर रहे थे।