फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ग्राम रोजगार सेवकों ने किया प्रदर्शन

Fri, 30 May 2014 05:31 AM IST
Jaunpur
विज्ञापन
विज्ञापन
मछलीशहर/ सुइथाकला। मानदेय न मिलने से नाराज ग्राम रोजगार सेवकों ने बृहस्पतिवार को दो विकास खंड कार्यालयों पर प्रदर्शन किया। इसी दौरान सीडीओ वहां पहुंच गए। प्रदर्शन कर रहे ग्राम रोजगार सेवकों ने उनके वाहन को विकास खंड के मुख्यद्वार पर ही रोक लिया और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। सीडीओ के आश्वासन पर कि उनका रुका हुआ मानदेय बढ़ी दर के साथ दिया जाएगा, प्रदर्शनकारी माने और प्रदर्शन खत्म किया।
विज्ञापन

ग्राम रोजगार सेवक बृहस्पतिवार को पिछले कई माह से रुके हुए भुगतान के लिए ब्लाक मुख्यालय पर जमा हुए। इस दौरान ग्राम रोजगार सेवकों ने कहा कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने आश्वासन दिया था कि वित्तीय वर्ष 2012-13 में ग्राम रोजगार सेवकों का मानदेय 33 सौ रुपये कर दिया जाएगा। इसके साथ ही हर वर्ष दस फीसदी मानदेय बढ़ाया भी जाएगा। इस हिसाब से ग्राम रोजगार सेवकों का मानदेय 3630 रुपये हुआ। रोजगार सेवकों ने कहा कि था कि बढ़ी हुई दर की तो बात दूर पिछले एक वर्ष से मानदेय का भुगतान ही नहीं किया जा रहा है। तभी सीडीओ पीसी श्रीवास्तव ब्लाक मुख्यालय पर पहुंच गए। उनके साथ पीडी भी थे। सीडीओ का वाहन आता देख ग्राम रोजगार सेवक मुख्यद्वार की ओर बढ़ गए। वहीं पर सीडीओ का वाहन रोक लिया और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करना शुरू कर दिया। काफी हो हल्ला करने पर सीडीओ ने नाराज रोजगार सेवकों को समझाया। उन्होंने उन लोगों को आश्वासन दिया कि रुका हुआ मानदेय बढ़ी दर के साथ जल्द ही दिया जाएगा। सीडीओ के आश्वासन पर ग्राम रोजगार सेवक माने और शांत हुए। इस मौके पर महेंद्र यादव, रमेश प्रताप सिंह, धर्मराज, राम आसरे आदि मौजूद रहे। सुइथाकला में ग्राम रोजगार सेवकों ने कहा कि उनका 22 माह से बकाया मानदेय दिया जाए। इसके पहले भी वे मानदेय के लिए धरने पर बैठ चुके हैं। पिछले 22 माह से मानदेय नहीं मिलने पर ग्राम रोजगार सेवकों ने गुरुवार को बीडीओ कार्यालय के सामने ही धरना देना शुरू कर दिया। प्रदर्शन के दौरान सभी ने जिला प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाए। गुरुवार को जब रोजगार सेवक मानदेय के लिए गए तो बीडीओ सरला गुप्ता ने बताया कि भुगतान नहीं हो सकेगा। खुद को ठगा महसूस होते ही रोजगार सेवकों ने वहीं प्रदर्शन शुरू कर दिया। इनका उग्र रूप देखते ही बीडीओ ने फोन से आला अधिकारियों से बात की। इसके बाद आश्वासन दिया कि 30 मई तक सभी के खाते में एक-एक हजार रुपये पहुंच जाएंगे। इसके बाद बकाया भुगतान के लिए भी प्रयास किया जाएगा। तब रोजगार सेवकों ने धरना समाप्त किया। इस दौरान अखिल कुमार गुप्ता, विनोद, रामकुमार, सुरेंद्र, दिनेश, जानकी, मनोरमा आदि उपस्थित रहे।
विज्ञापन



विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें