सुइथाकला। भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले किसानों ने बुधवार को स्थानीय मुख्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया। किसानों ने अपनी 12 सूत्री मांगों का पत्रक बीडीओ के माध्यम से मुख्यमंत्री को भेजा। सौंपे गए ज्ञापन में कहा कि किसानों की तमाम समस्याएं हैं, लेकिन इसका निस्तारण नहीं किया जा रहा है। इसके चलते किसानों को कठिनाई उठानी पड़ रही है।
भाकियू के शाहगंज तहसील अध्यक्ष पुद्दन राम के नेतृत्व में किसानों ने ब्लाक मुख्यालय पर पंचायत की। इस दौरान पुद्दन राम ने कहा कि शिक्षा की दोहरी नीति के कारण काफी नुकसान हो रहा है। इस पर रोक लगाए जाने की आवश्यकता है। उन्होेंने कहा कि पूरे देश का पेट पालने वाला किसान कर्ज में दबा हुआ है। किसानों की समस्याओं का निस्तारण नहीं किया जा रहा है। किसान भुखमरी की कगार पर पहुंच जा रहे है। मजबूरन उन्हें आत्महत्या करनी पड़ती है। बीडीओ सरला गुप्ता को सौंपे गए ज्ञापन में मांग की गई कि शिक्षा की दोहरी नीति समाप्त की जाए। एमडीएम का संचालन बंद किया जाए। शासन की ओर से घोषित किसानों का 50 हजार रुपये कर्ज माफ किया जाए। फसलों को नुकसान करने वाले जानवरों को सुरक्षित जगहों पर छोड़ने की व्यवस्था की जाए। किसानों को 18 घंटे बिजली दी जाए। गरीबों को शौचालय बना कर दिया जाए। शारदा सहायक खंड 16 लालपुर से सुइथाकला तक जाने वाली नहर की खुदाई की जाए। सुइथाकला उपकेंद्र पर विद्युत फीडर जर्जर है, उसकी मरम्मत की जाए। उसिया बहार में ट्रांसफार्मर फुंक गया है, उसे बदला जाए। शाहगंज स्थित रत्ना चीनी मिल फिर से शुरू की जाए। धरना-प्रदर्शन करने वालों में राम कुमार बिंद, राम आशीष वर्मा, रामप्यारी, कमला देवी, राम नेवाज, राम अवध, सरवरी, जाहिदा खातून, रफीकुन्निशां आदि मौजूद रहे।