जौनपुर। नगर पालिका परिषद जौनपुर में 56.25 लाख रुपये की लागत से 900 एलईडी लाइटें जांच के चलते जलकल के स्टोर में डंप पड़ी हैं। जिसके चलते शहर के वार्डों में नई लाइटें नहीं लग पा रही हैं। दो साल से लाइटें पड़े-पड़े खराब भी हो रही हैं। पूर्व में जांच रिपोर्ट विपरीत आने पर इन लाइटों का आज तक भुगतान भी नहीं हो सका है। प्रशासन की तरफ से दोबारा जांच कराकर रिपोर्ट शासन स्तर पर भेज दी गई है। ऐसे में शासन के निर्देश का इंतजार किया जा रहा है। इससे लाइटें लगने के बाद ही भुगतान हो सकेगा।
नगर पालिका की तरफ से 14 वें वित्त से वर्ष 2021 में 60 वॉट की सीएनएस कंपनी की एलईडी स्ट्रीट लाइटें खरीदी गईं थीं। इसमें एक एलईडी स्ट्रीट लाइट की कीमत जीएसटी सहित 6250 रुपये है। कुल 900 एलईडी लाइटें 56 लाख 25 हजार रुपये की हैं। भुगतान से पहले तत्कालीन जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने ज्वाइंट मजिस्ट्रेट हिमांशु नागपाल, मुख्य कोषाधिकारी सुनील कुमार, बिजली विभाग के अभियंता से जांच कराया था। इसमें ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने जांच रिपोर्ट में यह तथ्य प्रस्तुत किया था कि ऑनलाइन चेक करने पर सीएनएस कंपनी की स्ट्रीट लाइट शो नहीं कर रही हैं, इससे यह उत्पाद विश्वसनीय नहीं लग रहा है। उन्होंने कहा था कि जो एलईडी लाइट खरीदी गई हैं। उनका मूल्य करीब 6250 रुपये है लेकिन जांच के दौरान देखा गया कि 60 वॉट की अन्य ब्रांडेड लाइट्स इसके मुकाबले सस्ते रेट में बाजार में उपलब्ध हैं। जांच के दौरान पता चला कि हैवेल्स ब्रांड की लाइट जीएसटी सहित 3090 रुपये में, सिसका लाइट जीएसटी सहित 2434 रुपये में, स्टार लाइट कंपनी की स्ट्रीट लाइट जीएसटी सहित 1288 रुपये में उपलब्ध है।
दोबारा जांच कराकर शासन को भेजी गई रिपोर्ट
शासन से निर्देश के बाद वर्तमान जिलाधिकारी अनुज कुमार झा ने दोबारा इसकी जांच कराई। इसमें एडीएम राम अक्षयबर चौहान, मुख्य कोषाधिकारी सुनील कुमार व जल निगम के अधिशासी अभियंता को टीम में रखा गया। इन्होंने पाया कि लाइट का बाजार दर, तार व पांच साल की वारंटी भी तय थी, ऐसे में बाजार भाव की खाली एलईडी से इसका दाम अधिक लगाया गया। इस रिपोर्ट को शासन को दो से तीन माह पहले भेज दिया गया।
नगर पालिका परिषद जौनपुर में 900 एलईडी स्ट्रीट लाइटों की दोबारा जांच कराई गई है। इसमें तीन सदस्यीय कमेटी बनाई गई थी। जांच रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। यह लाइटें 56.25 लाख रुपये की हैं। -अनुज कुमार झा, जिलाधिकारी।