करंजाकला (जौनपुर)। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के महंत अवेद्यनाथ संगोष्ठी भवन में सोमवार को 29 वां दीक्षांत समारोह होगा। इसमें प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के हाथों 79 मेधावियों को 80 स्वर्ण पदक दिया जाएगा। कार्यक्रम में 445 शोधार्थियों को पीएचडी और दो को डीलिट की उपाधि प्रदान की जाएगी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रिलायंस जियो इन्फोकॉम लिमिटेड के प्रेसीडेंट डिवाइस एंड सेल्स सुनील दत्त होंगे। साथ ही विशिष्ट अतिथि उत्तर प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय व उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी रहेंगी।
कुलसचिव केश लाल ने बताया कि समारोह विश्वविद्यालय के अवेद्यनाथ संगोष्ठी भवन में 10 बजे से शुरू होगा। सुबह 10.05 बजे कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल का विश्वविद्यालय परिसर स्थित हेलीपैड पर आगमन होगा। इसके बाद मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि कुलाधिपति के साथ संगोष्ठी भवन पहुंचेंगे। दीक्षांत समारोह में कुलपति दीक्षोपदेश देंगी। कार्यक्रम में राज्यपाल द्वारा क्लिक करके डिजीलॉकर में उपाधियों एवं अंकपत्रों काे अपलोड किया जाएगा। इसके बाद मेधावियों को स्वर्ण पदक प्रदान करेंगी। इस बार दीक्षांत समारोह में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पांच शिक्षकों को भी सम्मानित किया जाएगा। भाषण प्रतियोगिता के विजेता पूर्व माध्यमिक विद्यालय जफरपुर जौनपुर के कक्षा आठ के छात्र अर्जुन का दहेज प्रथा पर भाषण होगा। मुख्य अतिथि श्री सुनील दत्त को कुलाधिपति द्वारा डीएस.सी. की मानद उपाधि दी जाएगी। विश्वविद्यालय द्वारा गोद लिए गए गांव व आंगनबाड़ी केंद्रों की आपसी प्रतियोगिता व खेलों में प्रथम आने वाले बच्चों को पुरस्कार दिया जाएगा। कुलाधिपति आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को स्वास्थ्य किट देंगी। राजभवन की ओर से प्राप्त पुस्तकें प्राथमिक शिक्षकों को दी जाएंगी।
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गोल्ड मेडल पाने वाले विद्यार्थियों को कराया गया पूर्वाभ्यास
डॉ.अन्नू त्यागी राज्यपाल तो प्रोफेसर अजय सिंह रहे मुख्य अतिथि की भूमिका में
संवाद न्यूज एजेंसी
करंजाकला। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के महंत अवेद्यनाथ संगोष्ठी भवन में रविवार को 29 वें दीक्षांत समारोह का पूर्वाभ्यास किया गया। इस दौरान राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की भूमिका में व्यावहारिक मनोविज्ञान विभाग की शिक्षक डॉ.अन्नू त्यागी तो मुख्य अतिथि की भूमिका में प्रो.अजय प्रताप सिंह रहे। विशिष्ट अतिथि की भूमिका में प्रोफेसर सौरभ पाल व डॉ.जान्हवी श्रीवास्तव रहीं। कुलपति प्रोफेसर वंदना सिंह ने स्वर्ण पदक पाने वाले विद्यार्थियों को पूर्वाभ्यास कराया।
उपाधि धारकों को दीक्षांत समारोह से जुड़े दिशा-निर्देश दिए गए। पूर्वाभ्यास की शुरुआत में शोभायात्रा निकाली गई, जिसका नेतृत्व कुलसचिव केशलाल ने किया। इसमें विद्या परिषद और कार्य परिषद जैसे विधायी समिति के सदस्य शामिल हुए। प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों ने राजभवन से पहुंचे राज्यपाल के फ्लीट वाहनों के साथ एकलव्य स्टेडियम से लेकर संगोष्ठी भवन तक पूर्वाभ्यास किया। साथ ही कुलाधिपति आवास पर पहुंचकर तैयारियों का जायजा लिया।
दीक्षांत समारोह में उत्तर प्रदेश की राज्यपाल एवं विश्वविद्यालय की कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल सर्वोच्च अंक प्राप्त करने वाले 79 विद्यार्थियों को 80 स्वर्ण पदक प्रदान करेंगी। स्वर्ण पदक पाने वाले मेधावियों में स्नातक में 15 छात्राएं एवं 9 छात्र हैं, वहीं परास्नातक स्तर में 23 छात्र एवं 32 छात्राएं शामिल हैं।
इस मौके पर वित्त अधिकारी आत्म प्रकाशधर द्विवेदी, प्रोफेसर मनोज मिश्र, प्रोफेसर मानस पांडेय, प्रोफेसर अजय द्विवेदी, प्रोफेसर राम नारायण, प्रोफेसर राजेश शर्मा आदि उपस्थित रहे। संयोजन प्रोफेसर अविनाश पाथर्डीकर व संचालन परीक्षा नियंत्रक डॉ.विनोद कुमार सिंह ने किया।
रक्षित को मिलेगा अतुल माहेश्वरी स्वर्ण पदक
- जनसंचार में सर्वोच्च अंक लाकर विश्वविद्यालय का नाम किया रोशन
संवाद न्यूज एजेंसी
करंजाकला। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय, जौनपुर के जनसंचार विभाग के मेधावी छात्र रक्षित प्रताप सिंह को वर्ष 2025 का अतुल माहेश्वरी स्वर्ण पदक दिया जाएगा। यह सम्मान उन्हें एमए जनसंचार में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने के लिए दिया जा रहा है। अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से स्वर्गीय अतुल माहेश्वरी की स्मृति में स्थापित इस पदक की शुरुआत विश्वविद्यालय में वर्ष 2019 से की गई थी। यह पदक विश्वविद्यालय के 29 वें दीक्षांत समारोह में प्रदान किया जाएगा।
रक्षित प्रताप सिंह शाहगंज तहसील के अखण्ड नगर ग्राम के निवासी हैं। वह शिक्षक रुद्र प्रताप सिंह के पुत्र हैं। प्रारंभिक शिक्षा उन्होंने सीबीएसई बोर्ड से पूरी की। इसके बाद स्नातक की डिग्री तिलकधारी स्नातकोत्तर महाविद्यालय, जौनपुर से प्राप्त की। वर्ष 2023 में उन्होंने वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के जनसंचार विभाग में स्नातकोत्तर कार्यक्रम में प्रवेश लिया। सत्र 2023-25 में उन्हें एमए जनसंचार में 7.85 सीजीपीए प्राप्त हुए, जो विभाग में सर्वाधिक हैं। इसी आधार पर उनका चयन अतुल माहेश्वरी स्वर्ण पदक के लिए हुआ है।
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, रक्षित को दो पदक प्रदान किए जाएंगे—एक विश्वविद्यालय की ओर से और दूसरा अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से स्वर्गीय अतुल माहेश्वरी की स्मृति में। रक्षित ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और शिक्षकों को दिया। उन्होंने कहा कि अमर उजाला अखबार का नियमित पाठक होने के कारण उनमें पत्रकारिता के प्रति रुचि जागी। सिविल सेवा में कॅरिअर बनाना लक्ष्य है। जनसंचार विभाग के अध्यक्ष प्रो.मनोज मिश्र, डॉ.दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ.सुनील कुमार, डॉ.चंदन सिंह ने रक्षित को बधाई दी। विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो.वंदना सिंह ने शुभकामनाएं दी हैं। कुलसचिव डॉ. विनोद कुमार सिंह ने कहा कि रक्षित ने अनुशासन और परिश्रम से यह मुकाम हासिल किया है। इससे अन्य छात्र अच्छे प्रदर्शन के लिए प्रेरित होंगे।