जौनपुर। मौनी अमावस्या पर कुंभ मेले में जाने वाले स्नानार्थियों के चार गुना वाहनों की संख्या बढ़ गई। भीड़ के चलते यातायात व्यवस्था प्रभावित हो गई और हाइवे पर जाम रविवार की रात से ही लगा रहा। आधी रात के बाद से ही वाहन जाम में फंसे रहे। कई लोग तो जाम में फंसकर दुर्दशा देख प्रयागराज जाने का इरादा बदलकर वापस लौट गए।
शहर में क्षमता से चार गुना वाहनों की संख्या शनिवार से ही बढ़ गई। रविवार की देर शाम तक तो वाहनों की कतारें लग गई। वाहनों का दवाब बढ़ने से जाम लग गया और जौनपुर - प्रयागराज मार्ग पर वाहन रेंगते रहे। तीन घंटे का सफर 20 घंटे में भी लोग पूरा नहीं कर सके। शहर में प्रयागराज - गोरखपुर मार्ग पर गौराबादशाहपुर से लेकर सिकरारा और मछलीशहर, मुंगराबादशाहपुर तक बड़ी संख्या में वाहन जाम में फंसे रहे। पुलिस ने जगह - जगह चौराहों पर जाम समाप्त कराने का प्रयास जरूर किया। लेकिन वाहनों की अधिकता की वजह से उन्हें खास सफलता नहीं मिली। गौराबादशाहपुर से लेकर मुंगराबादशाहपुर तक बीच- बीच में जाम लगा रहा। सबसे अधिक परेशानी पचहटिया से पकड़ी चौराहे तक तकरीबन 15 किमी तक हुई।
जौनपुर। बिहार के छपरा निवासी लालबिहारी का कहना है कि प्रयागराज स्नान करने के बाद सुबह चार बजे वह रोडवेज की बस से जौनपुर के लिए चले। 100 किमी की दूरी तय करने में उन्हें 11 घंटे लग गए। उन्होंने कहा कि उनसे भीड़ के बारे में जो भी पूछा यहीं बोले की लौट जाओं जाम हर जगह लगा है। वाराणसी से कादीपुर सुल्तानपुर जाने वाले रामआसरे का कहना है कि वाराणसी से जौनपुर आने में उन्हें छह घंटे लग गए। आजमगढ़ की आकाक्षा राय का कहना है कि सुबह वह आजमगढ़ से प्रयागराज जाने के लिए चली लेकिन जाम की वजह से तीन बजे जौनपुर पहुंची। ऐसे में गंगा स्नान करने का विचार उन्होंने बदल दिया। रोडवेज बस से आजमगढ़ से कानपुर परिवार के साथ जाने वाले आशीष ने बताया कि सुबह आजमगढ़ से चले थे। पौने तीन बजे तक जौनपुर पहुंच पाएं। जगह - जगह जाम की वजह से बहुत दिक्कत हुई। गाजीपुर से प्रयागराज जाने वाले सुरेश ने बताया कि सुबह में वह गाजीपुर से चले लेकिन जौनपुर बस उन्हें तीन बजे पहुंचाई। ऐसे में प्रयागराज की उनकी यात्रा काफी परेशानियों से भरी महसूस हो रही है। उन्होंने कहा कि जब भी पहुंचे जाना है तो जाएंगे ही।