जौनपुर। पूर्व सांसद केपी सिंह और रामचरित्र निषाद का कार्यकाल समाप्त हुए एक वर्ष से अधिक समय बीत चुके हैं लेकिन अभी तक उनकी निधि से स्वीकृत 370 सोलर स्ट्रीट लाइटें नहीं लग पाई हैं। सोलर लाइट के लिए यह धनराशि दोनों सांसदों ने वित्तीय वर्ष 2016-17 और 2017-18 में जारी कर दी गई थी। कुल 1572 सोलर लाइटें लगाई जानी थीं लेकिन अब तक महज 1202 लाइटें ही लग पाई हैं।
जौनपुर के पूर्व सांसद केपी सिंह और मछलीशहर के पूर्व सांसद रामचरित्र निषाद ने अपने कार्यकाल के दौरान निर्वाचन में विभिन्न सार्वजनिक स्थलों, मोहल्लों व गांवों में पथ प्रकाश के लिए सोलर लाइट की स्वीकृति दी थी। वित्तीय वर्ष 2016-17 और 2017-18 में केपी सिंह ने 665 और रामचरित्र निषाद ने 907 सोलर लाइट लगाने का प्रस्ताव दिया था। दोनों सांसदों ने प्रति सोलर लाइट करीब 21 हजार रुपये की दर से अपने निधि से धनराशि भी डीआरडीए को दे दी थी। इसके बाद डीआरडीए ने यूपीएसआईसी से सोलर लाइट लगवाने का कार्य शुरू किया। अभी तक दोनों पूर्व सांसदो की ओर से स्वीकृत सभी सोलर लाइट नहीं लग पाए हैं। अभी तक केपी सिंह के महज 539 और रामचरित्र निषाद की निधि के 663 सोलर लाइट ही लग पाए हैं। अभी भी क्रमश: केपी सिंह के 126 और सांसद रामचरित्र के 244 सोलर लाइट नहीं लगाए जा सके हैं।
दोनों सांसद केपी सिंह व रामचरित्र निषाद के निधि से लग चुके सोलर लाइट चिह्नित स्थानों और मानक के अनुसार लगाए गए हैं या नहीं, इसकी जांच बीडीओ से कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद शेष बचे सोलर लाइट को लगाने के लिए संबंधित फर्म को धनराशि दी जाएगी। -अरविंद कुमार सिंह, परियोजना निदेशक, डीआरडीए।