निजी घरों में संचालित कोटे की दुकानों को सार्वजनिक स्थलों पर स्थापित करने के लिए जिले में 2023-24 में कुल 75 मॉडल दुकानों का निर्माण कराने का लक्ष्य मिला था। इसके सापेक्ष अब तक 47 मॉडल दुकानें तैयार की जा सकी हैं। ऐसे में अभी भी ग्रामीणों को निजी घरों में स्थापित कोटे की दुकानों से राशन लेना पड़ रहा है।
जिले में 2079 सरकारी सस्ते गल्ला की दुकानें हैं। निजी घरों में संचालित की जा रहीं कोटे की दुकानों को सार्वजनिक स्थलों पर स्थापित करने के लिए शासन ने बीते वर्ष मॉडल शॉप बनवाने का निर्देश दिया था। इस दौरान कुल 75 मॉडल दुकानों का निर्माण कराने का लक्ष्य मिला, जिसके मुकाबले अब तक 47 मॉडल शॉप तैयार हो गई हैं। 28 मॉडल दुकानों का निर्माण पूरा नहीं हो सका है।
जबकि 2024-25 में भी 75 और मॉडल शॉप बनाने का लक्ष्य मिला हुआ है। इसके लिए जमीन का चिह्नांकन कर लिया गया है। डोभी क्षेत्र के चंदवक में अभी तक मॉडल दुकानों का निर्माण पूरा नहीं हुआ है। ग्राम प्रधान चंदवक गीता देवी ने बताया कि जमीन के अभाव में निर्माण पूरा नहीं हो सका है।