करंजाकला। वीर बहादुर सिंह पर्वांचल विश्वविद्यालय में सोमवार को एक सप्ताह तक चलने वाले शैक्षिक कार्यक्रम का शुभारंभ विश्वैसरैया सभागार में शुरू हुआ। कार्यक्रम कने उदघाटन मौके पर प्रो. पूजा नागपाल ने कहा कि महिलाओं की समस्या का समाधान केवल सशक्तिकरण से ही संभव है। महिलाओं को आत्म निर्भर बनाने के लिए समाज के दूसरे लोगों को भी आगे आना चाहिए।
व्यक्तित्व निर्माण के तत्वों पर विस्तार से चर्चा किया। उन्होंने कहा कि वैश्वीकरण की दुनियां में शिखर पर स्थापित करने के तरीके भी बताए। पांच सबसे बड़े व्यक्तित्व अभिलक्षणकों की बात की। जैसे समाज के साथ घुल मिलकर रहने का गुण, परिस्थितियों के साथ सामंजस्य रखना, नेतृत्व की क्षमता, भावनात्मक अस्थित्व व अनुभवों के प्रति सजग रहना चाहिए आदि। जिससे एक सृजनात्मक उत्सुकता पूर्ण वातावरण का निर्माण हो सके। कार्यक्रम में प्रो. चंन्द्रिका वन्दना, प्रो. पीए पुट्टा स्वामी, प्रो. बीएन हरीश, प्रो. रेवनीश एम, प्रो. एमजे आनन्द हिस्सा ले रहे हैं। कार्यक्रम के आयोजक तकनीकि शिक्षा गुणवत्ता उन्नयन के समन्वयक प्रो. बीबी तिवारी ने अतिथियों का स्वागत किया। नोडल अधिकारी शै क्षणिक रवि प्रकाश ने कार्यक्रम के उद्देश्य पर प्रकाश डाला। संचालन डा. जाह्नवी श्रीवास्तव ने किया।