सुजानगंज । जिला विधिक सेवाप्राधिकरण जौनपुर व सागर सोसाईटी के संयुक्त तत्वाधान में शनिवार को सद्भावना इंटर कालेज दीपकपुर सुजानगंज में जिला विधिक साक्षरता, कानूनी जागरूकता व जनसुनवाई सेमिनार का का आयोजन किया गया। साथ ही मुख्य अतिथि लोकेश वरुण सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने सागर सोसाईटी दीपकपुर में नि: शुल्क बालिका सशक्तिकरण केंद्र व फ्रीलीगल एड क्लीनिक का उद्घाटन किया गया।
उन्होंने बताया कि लोगों को बताया कि जब तक हम शिक्षित व जागरुक नहीं होंगे। तब तक परेशान रहेंगे। लोगों को बताया कि किसी भी प्रकार की विधिक सहायता की आवश्यकता होने पर जिला मुख्यालय स्थित जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं तहसील स्तर पर स्थापित तहसील विधिक सेवा समिति से सम्पर्क स्थापित कर नि:शुल्क सहायता प्राप्त कर सकते हैं। इस दौरान राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की योजनाओं, लोक अदालत, मध्यस्थता केन्द्र सहित महिला सशक्तीकरण, पोक्सो एक्ट, बाल विवाह, बाल श्रम, यौन शोषण, घरेलू हिंसा, लिंग भेद आदि के बारे में भी बताया। भारतीय संविधान में उल्लिखित मौलिक अधिकारों व विभिन्न कानूनों की जानकारी दी। श्रम प्रवर्तन अधिकारी जूही मिश्रा द्वारा श्रम विभाग में रजिस्ट्रेशन कराने आदि के बारे में बताया गया। विधि सह परिवीक्षा अधिकारी मुरलीधर गिरि द्वारा विभिन्न कानूनों की जानकारी प्रदान करते हुए कन्याओं की शादी पर दी जाने वाली अनुदान के विषयों पर भी बताया गया । वहीं ग्राम बहोरिकपुर , जयपालपुर चका व हरीपुर से आये धरिकार समाज के लोगो ने बताया कि पिछले 30 वर्षो से हम गांव मे झुग्गी झोपड़ी में अपना जीवन यापन कर रहे हैं। लेकिन हमारी तरफ आज तक किसी की भी नजर नहीं पहुंची। हम शायद इंसान ही नहीं समझे जाते। हमारे पास ना ही अपनी कोई आवासीय जमीन है और ना ही किसी प्रकार का राशन ,वोटर कार्ड , आधार कार्ड तक भी नहीं है। हम अपने ही गांव मे घुमंतू प्राणी की तरह किसी तरह गुजर बसर कर रहे हैं। भाऊपुर, सवेली , बेलवई , अजिया से आये मुसहर ,चमार , पासी समाज के लोगों ने बताया कि हम लोगों के यहां आवगमन का कोई रास्ता नहीं है । हमारे घर की बहू बेटियां दरवाजे से कभी विदा होकर अपने साधन से नहीं जाती। कार्यक्रम का संचालन ज्योति ने किया। साथ ही सागर सोसाईटी के सचिव शेरबहादुर ने आए अतिथियों के प्रति आभार जताया । इस अवसर पर रत्ती पाल ग्राम प्रधान, थानाध्यक्ष सुजानगंज संतोष कुमार पाठक, विधि सह परिवीक्षा अधिकारी मुरलीधर गिरि, रेनू सिंह,अध्यक्ष निर्भय ट्रस्ट, डा. प्रमोद सिंह,राजनारायण ने किया।