जौनपुर। पीसीएफ की ओर से 150 किसानों को उनके खरीदे गए धान का भुगतान नहीं किया गया है। इन किसानों का लगभग पांच करोड़ रुपया बकाया है। इससे किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पीसीएफ की ओर से अभी तक 3319 किसानों से कुल 11466 एमटी धान की खरीद की गई है। इस दौरान लगभग 20 करोड़ रुपये का धान खरीदा गया है लेकिन चावल मिलरों की ओर से धान की कुटाई कर चावल गोदाम में न देने से किसानों से खरीदे गए धान के पैसे का भुगतान करने में दिक्कत हो रही है।
सरकार की ओर से किसानों से खरीदे गए धान का भुगतान 24 घंटे में करने का फरमान जारी किया गया है लेकिन जिले में सरकार का यह फरमान परवान नहीं चढ़ पा रहा है। एजेंसियों की ओर से धान का भुगतान किसानों को समय से नहीं किया जा रहा है। हालत यह है कि जिले में धान की खरीद के लिए 72 हजार 700 एमटी लक्ष्य रखा गया है। इसे पूरा करने और किसानों से धान खरीदने के लिए कुल 99 क्रय केंद्र खोले गए हैं। इसमें से अकेले पीसीएफ के 65 क्रय केंद्र हैं। इन केंद्रों को कुल 19 हजार एमटी धान की खरीद करने का लक्ष्य दिया गया है लेकिन इन क्रय केंद्रों की ओर से अभी तक कुल 3319 किसानों से 11466 एमटी धान की खरीद की गई है। लगभग 20 करोड़ रुपये का धान खरीदा गया है। इसमें से लगभग 5767 एमटी धान चावल मिलरों को भेजा गया है लेकिन चावल मिलरों की ओर से अभी तक धान की कुटाई कर गोदामों को नहीं भेजा गया है। इससे पीसीएफ की ओर से अभी तक 150 किसानों के धान का बकाया पांच करोड़ रुपये का भुगतान नहीं किया गया है। किसान पैसा लेने के लिए क्रय केंद्रों का चक्कर लगाने को विवश हैं।
किसानों के बकाए का भुगतान करने के लिए शासन से पैसे की मांग की गई है। वैसे एफसीआई से मंगलवार को डेढ़ करोड़ रुपया मिलने वाला है। पैसा मिलते ही किसानों के बकाए का भुगतान कर दिया जाएगा। - राकेश कुमार, प्रभारी जिला प्रबंधक, पीसीएफ