जौनपुर। आम आदमी पार्टी कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय कार्यालय पर राफेल में हुए घोटाले को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। जुलूस के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंच कर सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता युवा जिला अध्यक्ष डा. अनुराग मिश्रा ने कहा कि रक्षा क्षेत्र में राफेल का इतिहास में सबसे बड़ा घोटाला है। केंद्र सरकार ने 126 राफेल डील को अचानक रद्द कर मातृ 36 राफेल की डील नए सिरे से की। जबकि हवाई सेना ने 126 राफेल की मांग की थी। 126 राफेल में से 108 राफेल भारत की लड़ाकू विमान बनाने का अनुभव रखने वाली कंपनी हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड में बने थे। जिससे देश के लोगों को रोजगार मिलता और अथव्यवस्था मजबूत होती है। हिंदुस्तान की एचएल सुखोई 30 जैसे लड़ाकू विमान बनाए हैं। इस कंपनी के पास 70 साल से विमान बनाने का अनुभव है। इसके बावजूद केंद्र सरकार ने पुरानी प्रक्रिया को निरस्त कर 36 राफेल का टेंडर विमान बनाने में अनुभव हीन उद्योगपति अनिल अंबानी की कंपनी को दे दिया। जिला सचिव मोहम्मद हैदर खान ने कहा कि पूर्व की डील में एक राफेल की कीमत 540 करोड़ थी। केंद्र सरकार ने उसी राफेल को नए सिरे से 1670 करोड़ में खरीद कर ली। मीडिया प्रभारी सूर्यनारायण मुन्ना ने कहा कि राफेल के मामले में फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति ओलांद बयान आ जाने से राफेल में हुए बहुत बड़े घोटाले को बल मिलता है। आम आदमी पार्टी केंद्र सरकार से यह जानना चाहती है कि 540 करोड़ का एक राफेल 1670 करोड़ का क्यों खरीदा है। कोषाध्यक्ष अमरनाथ यादव ने कहा कि सरकार मनमानी कर रही है। सोंम कुमार वर्मा ने कहा कि वायु सेना की 126 राफेल की मांग के बावजूद मात्र 36 राफेल डील क्यों की गई।मड़ियाहूं विधानसभा प्रभारी अजय यादव ने कहा कि जनता में चर्चा है कि मोदी सरकार ने 126 राफेल की पूर्व डील को इसलिए खत्म कर दिया कि अनिल अंबानी की कंपनी को इस डील में नए सिरे से शामिल किया जा सके। इस मौके पर डा. अमित श्रीवास्तव, अमन यादव, प्रेम चंद्र गौतम, भैया लाल सरोज, चंद्रबली सोनकर आदि शामिल रहे।