जलालपुर। बयालसी इंटर कालेज में आयोजित कार्यक्रम में गाजीपुर में आयोजित मंडलीय रैली में प्रतिभाग कर भाला प्रक्षेप व पोलवाल्ट प्रतियोगिताओं में छात्रा कुमारी रतन प्रजापति ने प्रथम स्थान प्राप्त कर गोल्ड मेडल हासिल किया। तथा छात्रा रीमा यादव ने 400 मीटर तथा 100 मीटर रिले रेस में दूसरा स्थान प्राप्त करने पर उनका स्वागत किया। प्रधानाचार्य डा. शैलेंद्र कुमार सिंह ने गोल्ड मेडल व प्रमाण पत्र तथा प्रशस्ति पत्र देकर मेधावी छात्रों को सम्मानित किया। उन्होंने कहाकि हमारे संस्थान ने हमेशा अपने छात्रों को प्रतिस्पर्धा का माहौल प्रदान किया है। ताकि वह हर क्षेत्र की गतिविधि में विकास कर सकें। आज दोनों ने छात्राओं ने अपने क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर कालेज का नाम रोशन किया है। व्यायाम शिक्षक राम सिंह यादव के प्रति आभार व्यक्त किया गया। इस मौके पर सुरेंद्र सिंह ,विनय सिंह ,गप्पू राम, कृष्ण पाल सिंह,अरविंद सिंह ,चंद्रमणि यादव, विजय कांत सिंह ,अनिल शर्मा, रुचि सिंह, इंदिरा सिंह, काजल सिंह मनीष विक्रम सिंह, धर्मेंद्र सिंह, समेत विद्यालय के सभी शिक्षक कर्मचारी मौजूद रहे।
जौनपुर। इंटरनेशनल एकेडमी आफ साइंस एंड रिसर्च कोलकाता, बाटेनिकल सर्वे आफ इंडिया एवं बीपीएस इलाहाबाद की ओर से आयोजित इंटरनेशनल सेमिनार रीसेंट ट्रेंड्स इन एग्रीकल्चर बायोडायवर्सिटी एंड सोशल सस्टेनेबिलिटी (एबीएसएस 2018) कार्यक्रम में राजाश्री श्रीकृष्ण दत्त महाविद्यालय समाजशास्त्र विभाग के प्राध्यापक डा. मनोज सिंह वत्स को सोशल इनवार्नमेंटलिस्ट और टीडी पीजी कालेज प्राणि विज्ञान विभाग के प्राध्यापक डा. देव ब्रत मिश्र को इनोवेटिव फैकल्टी अवार्ड से सम्मानित किया गया। इलाहाबाद में 29 और 30 सितंबर को बाटेनिकल सर्वे आफ इंडिया की ओर से इलाहाबाद के ऑडिटोरियम में आयोजित इंटरनेशनल सेमिनार में यह पुरस्कार दिया गया। डा. मनोज कुमार वत्स को प्रकृत ,पर्यावरण ,स्वास्थ्य और सामाजिक जागरूकता के अंतर्गत %सोशल इनवार्नमेंटलिस्ट अवार्ड तथा डा. देव ब्रत मिश्र ऽदेव ऽ को विज्ञान में नवाचारों के प्रयोग पर इनोवेटिव फैकल्टी अवार्ड से सम्मानित किया गया। उच्च न्यायालय इलाहाबाद के न्यायाधीश सिद्धार्थ वर्मा, आई एएस आरके प्रेसीडेंट, डा. तृदीब बन्दोपध्याय एवं बाटेनिकल सर्वे ऑफ इंडिया इलाहाबाद के निदेशक डा. जीपी सिन्हा द्वारा पुरस्कार दिया गया। डा. मनोज वत्स ने अपने शोध पत्र %मॉडर्न टेक्नोलॉजीस सेट न्यू नॉर्म्स फ़ॉर ह्यूमन लाइव्स % प्रस्तुत किया। जिसमें यह बताया की वर्तमान समय आधुनिक तकनीक का है। जो की मानव के व्यवहार एवं काम करने की क्षमता को बढ़ाता है। मानव बगैर तकनीक के नहीं रह सकता। पहले जिस काम को करने में कई दिन लगते थे वह अब नवीन तकनीक के माध्यम से कुछ ही क्षणों में पूरे हो जा रहे हैं। डा. देव व्रत मिश्र ने अपने शोध पत्र में आधुनिक जीवन शैली के कारण होने वाले तनाव से बचने के लिए एंटी आक्सीडेंट की उपयोगिता पर व्याख्यान दिया। इसके पहले भी उन्हें कुरुक्षेत्र विवि में वन एवं जलवायु मंत्रालय भारत सरकार की ओर से आयोजित सेमीनार में भी सम्मानित किया जा चुका है।