जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय की परीक्षा में अबकी सामूहिक नकल के आरोपी कॉलेजों को अबकी बार केंद्र नहीं बनाया जाएगा। अपर मुख्य सचिव ने विश्वविद्यालय को इस आशय का पत्र जारी किया है। जिन कॉलेजों तक पहुंचने के लिए रास्ता नहीं है, उनको भी केंद्र नहीं बनाने को कहा गया है। पहले सुविधायुक्त राजकीय कॉलेजों को केंद्र बनाने के बाद ही स्ववित्तपोषित महाविद्यालयों को केंद्र बनाने पर विचार किया जाएगा।
अपर प्रमुख सचिव संजय अग्रवाल ने पत्र में कहा कि एक ही संस्था द्वारा संचालित एक से अधिक कॉलेज के छात्रों का परीक्षा केंद्र उससे जुड़े कालेज में किसी दशा में न बनाया जाए। परीक्षा केंद्र की दूरी विद्यालय आठ किलोमीटर से अधिक न रखी जाए। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जहां छात्राओं को स्व केंद्र की व्यवस्था नहीं दी जा सके वहां छात्राओं का परीक्षा केंद्र की दूरी पांच किलोमीटर से दूर न बनाया। इन कालेजों का डाटा पोर्टल पर अपलोड नहीं है उन्हें परीक्षा केंद्र न बनाया जाए साथ ही उन्हें अंतिम विकल्प के रूप में रखा जाए। ऐसे कालेज जो परीक्षा की गोपनीयता को भंग किए हो, परीक्षा केंद्र पर शिक्षक, जिला प्रशासन और उड़ाका दल के साथ अभद्र व्यवहार किया गया हो और उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई हो उन्हें किसी हालत में परीक्षा केंद्र न बनाया जाए। जिन कालेजों में प्रबंध समिति का विवाद चल रहा है उन्हें परीक्षा केंद्र नहीं बनाया जाए। अपर मुख्य सचिव ने विवि प्रशासन को निर्देश दिया है कि शासनादेश का हर हाल में अनुपालन कराया जाए।