जौनपुर। अधिवक्ताओं ने आठ माह से एसडीएम कोर्ट बहिष्कार समाप्त कर दिया है। कलेक्ट्रेट अधिवक्ता समिति ने सोमवार को हुई बैठक में बहिष्कार स्थगित करने का निर्णय लिया। समिति के अध्यक्ष विजय प्रताप सिंह का कहना है कि चूंकि एसडीएम सदर प्रियंका प्रियदर्शिनी शनिवार को हुई बैठक में खुद आईं और उन्होंने स्थिति में सुधार का आश्वासन दिया।
प्रियंका प्रियदर्शिनी ने मार्च 2017 में बतौर एसडीएम कार्यभार ग्रहण किया। अधिवक्ताओं ने उनका व्यवहार ठीक नहीं होने के आरोप लगाते हुए 22 मई से उनके न्यायालय का बहिष्कार शुरू कर दिया। बीच-बीच में कुछ समय के लिए बहिष्कार स्थगित हुआ लेकिन बात नहीं बनी। अधिवक्ताओं ने बहिष्कार जारी रखा। नवंबर माह में नगर पालिका चुनाव के दौरान एसडीएम को हटाने के लिए एक दिन डीएम कोर्ट का भी बहिष्कार किया गया। अधिवक्ता एसडीएम को हटाने पर अड़े थे वहीं एसडीएम झुकने के लिए तैयार नहीं थी। शनिवार को अधिवक्ताओं की बैठक में एसडीएम तहसीलदार और नायब तहसीलदार के सात पहुंचीं। उन्होंने बेहतर तालमेल का भरोसा दिया। सोमवार को बैठक वरिष्ठ अधिवक्ता यतींद्र नाथ त्रिपाठी के प्रस्ताव पर बहिष्कार स्थगित करने का ऐलान किया गया। अध्यक्ष विजय प्रताप सिंह मौजूद रहे।