डोभी। क्षेत्र के मचहटी गांव में विजय नारायण सिंह के यहां चल रहे सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन मंगलवार को भी जारी रहा। इस दौरान डा. उमाशंकर त्रिपाठी व्यासेंदु महाराज ने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम का जीवन चरित्र वास्तव में जीवन जीने की कला का आभास कराता है। भगवान श्रीराम का व्यक्तित्व मानव बनकर रहने की प्रेरणा देता है। जीवन को सहज और सरल भाव से जीना हो तो प्रभु श्रीराम का स्मरण करना चाहिए। प्रभु श्रीराम प्रात: काल उठकर माता पिता को प्रणाम कर आशीर्वाद लेते थे। आशीर्वाद से मनुष्य को चार चीजें आयु , विद्या ,यश व बल मिलती है। उन्होंने बताया कि भगवान श्रीराम ने मनुष्य अवतार धारण करके मानव मात्र को शिक्षा देने के लिए रामावतार लिया। इस अवसर पर इंद्रजीत सिंह , विजय सिंह, रामबक्स सिंह , जीपी सिंह,मोनल सिंह,आर के सिंह,, व मयंक सिंह, सहित अन्य श्रद्घालुओं उपस्थित थे।