जौनपुर। युवाओं को ग्राम पंचायत में पंचायत सहायक की नौकरी रास नहीं आ रही है। जिले में 149 पंचायत सहायकों ने नौकरी से त्यागपत्र दे दिया। इससे कई केंद्रों पर जरूरी कागजात बनवाने के लिए लोगों को तहसीलों और ब्लाॅकों का चक्कर काटना पड़ रहा है। नौकरी छोड़ने वालों में से किसी को अफसर बनने का सपना है तो किसी ने डाॅक्टर, शिक्षक व अन्य नौकरी मिलने पर त्यागपत्र दे दिया है।
जिले में 1734 ग्राम पंचायतों में मिनी सचिवालय चलाया जा रहा है। सभी जगहों पर जरूरी कागजात समेत अन्य कार्य के लिए पंचायत सहायक की नियुक्ति की गई। करीब तीन साल पहले हर ग्राम पंचायत में पंचायत सहायक की नौकरी के लिए आवेदन मांगे गए तो युवाओं की भीड़ दिखी। एक-एक पद के लिए ग्राम पंचायतों में सियासत गरमा गई थी। हर युवा चाहता था कि मैं किसी तरह इस पद पर नियुक्त हो जाऊं। इसमें मेरिट के आधार पर नियुक्ति की गई। इसके लिए तमाम जतन भी किए गए, लेकिन छह हजार रुपये प्रतिमाह की यह नौकरी युवाओं को अधिक समय तक रास नहीं आई। इसमें 149 पंचायत सहायकों ने त्यागपत्र दे दिया है। जिला पंचायत राज विभाग ने खाली पदों की सूची शासन स्तर पर भेज दी है। जिलापंचायत राज विभाग की ओर से भर्ती के लिए आवेदन मांगे जा रहे हैं। जल्द ही सभी पदों पर भर्ती की प्रक्रिया पूर्ण कर ली जाएगी।
149 पंचायत सहायकों ने त्यागपत्र दे दिया है। इसकी सूचना शासन को भेज दी गई है। जल्द ही नए सिरे से रिक्त पंचायत भवनों में नए पंचायत सहायकों की भर्ती कर दी जाएगी। जहां रिक्त पद है वहां समीप के पंचायत सहायकों से काम लिया जा रहा है। -अरविंद प्रभाकर, एडिपीआरो।