क्षेत्र के एक गांव निवासी विवाहिता ने अपने देवर समेत 11 लोगों के खिलाफ न्यायालय में प्रार्थनापत्र देकर जबरिया घर में बंद कर दुष्कर्म करने व दो बार गर्भपात कराने, प्रताड़ित करने का आरोप लगाया। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
आजमगढ़ के सरायमीर थाना क्षेत्र स्थित एक गांव की युवती का विवाह क्षेत्र के एक गांव में हुआ था। विवाहिता का आरोप है कि शादी के थोड़े दिन बाद पति रोजी रोटी के सिलसिले में कमाने दुबई चला गया। उस समय विवाहिता को दो माह के गर्भ की बात जब विवाहिता ने ससुराल वालों को बताई तो सास व ननद ने फूलपुर स्थित एक निजी नर्सिंग होम में ले जाकर गर्भपात करवाया। इसकी शिकायत विवाहिता ने अपने पति को फोन पर दी। पति ने पत्नी से परिवार वालों की बात मानने को कहा। पति के दबाव के बाद विवाहिता की सास, ननद व देवर आए दिन प्रताड़ित करने लगे। आरोप है कि ससुराल में दो देवर विवाहिता से छेड़खानी करते थे। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी भी देते थे। मार्च 2021 में देवर ने नशीला पदार्थ खिलाकर दुष्कर्म करके वीडियो बना लिया। वीडियो वायरल करने की धमकी देकर आए दिन उसके साथ दुष्कर्म करता रहा। इसकी शिकायत पीड़िता ने अपने पति व सास से की लेकिन उसकी बात पर कोई विश्वास नहीं किया। पीड़ित का पति सऊदी अरब से घर आया तो पत्नी की तबीयत खराब देखकर अल्ट्रासाउंड के लिए नवंबर 2021 को शाहगंज स्थित एक हास्पिटल ले गया, तब पता चला कि पीड़िता को पुनः सात माह का गर्भ है। इस बात को छिपाने के लिए पति समेत ससुराल के सभी लोगों ने सलाह मशविरा कर आजमगढ़ जनपद के एक गांव में मामा के यहां छोड़कर विदेश कमाने चला गया। उसी दौरान जून 2022 में पीड़िता को प्रसव पीड़ा होने लगी। ससुराल पक्ष के साथ फूलपुर स्थित एक हास्पिटल लाए, जहां पीड़िता ने एक पुत्री को जन्म दिया। यहां उसके बच्चे समेत अभिलेख गायब कर दिए गए। ससुराल वाले मायके छोड़कर चले गए और पति ने विदेश से तलाक का नोटिस भेज दिया। न्यायालय के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने संबंधित धाराओं में ससुराल पक्ष के रिश्तेदार समेत 11 पर मुकदमा दर्ज कर लिया।