संवाद न्यूज एजेंसी
उरई। उत्तर प्रदेश कृषि उत्पादन शाखा और उद्यान विभाग के विशेष सचिव योगेश कुमार व निदेशक उद्यान आरके तोमर समेत कई प्रमुख कंपनियों, सिंचाई के क्षेत्र में कार्य करने वाले प्रतिनिधि सहित विश्व बैंक, डब्लूआरजी के प्रदेश प्रभारी योगेश बंधु ने प्रतिनिधि मंडल के साथ शनिवार को रगौली गांव का दौरा किया। विशेष सचिव उद्यान योगेश ने कहा कि रगौली गांव उत्तर प्रदेश का ऐसा पहला गांव होगा। जहां सेंट्रल पी बोर्ड इरीगेशन संयंत्र की स्थापना की जा रही है। जिससे एक बार में साठ हेक्टेयर की सिंचाई होती है। इस प्रणाली से एक बार में 80 एकड़ तक में फव्वारा सिंचाई होगी और बूंदों का आकार किसान अपनी जरूरत के हिसाब से तय कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि अब रगौली गांव के लोगों को वर्षा का इंतजार नहीं करना होगा, सिंचाई के लिए यह मशीन काफी कारगार साबित होगी। प्रदेश के उद्यान निदेशक आरके तोमर ने कहा कि रगौली गाँव सामुदायिक टपक सिंचाई का प्रदेश में मॉडल गांव बनेगा। इसके लिए उद्यान विभाग पर्याप्त बजट खर्च करेगी। विश्व बैंक के डब्लूआरजी प्रदेश प्रभारी डॉ. योगेश बंधु ने कहा कि यह केंद्रीय धुरी सिंचाई प्रणाली की स्थापना चार संस्थाओं के द्वारा मिलकर की जा रही है। जिसमें विश्व बैंक , उद्यान विभाग, राष्ट्रीय बीज निगम ,परमार्थ संस्था व रगौली गांव का समुदाय संयुक्त रूप से हिस्सेदारी करेगा। प्रदेश के कृषि उत्पादन आयुक्त मनोज कुमार सिंह के विशेष प्रयासों से इस प्रणाली की स्थापना बुंदेलखंड में हो रही है। परमार्थ के प्रमुख डॉ. संजय सिंह ने कहा कि रगौली गांव एक मॉडल गांव बनने जा रहा है। रगौली गाँव के प्रधान बलराम पाल ने कहा कि रगौली गांव के सभी लोग मिलकर इस प्रणाली को बेहतर ढंग से संचालित करेंगे। इस दौरान उपनिदेशक उद्यान झांसी मंडल विनय यादव, जिला उद्यान अधिकारी आशीष कटियार आदि मौजूद रहे।