उरई। मासूम से दुष्कर्म का दोष सिद्ध होने पर पॉक्सो कोर्ट के विशेष न्यायाधीश मोहम्मद कमर ने दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 40 हजार रूपये का जुर्माना भी लगाया।
शासकीय अधिवक्ता बृजराज सिंह राजपूत ने बताया कि चुर्खी थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी पिता ने तीन जून 2022 को थाना पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि एक जून 2022 को उसकी बेटी घर पर अकेली थी और वह उरई गए थे। मां चाचा के घर गई थीं। तभी गांव का ही पप्पू कुशवाहा घर में घुस आया और उसकी बेटी के साथ दुष्कर्म किया। शोर सुनकर मोहल्लेवासी आए तो युवक जान से मारने की धमकी देकर भाग गया।
पुलिस ने पप्पू कुशवाहा के खिलाफ घर में घुसकर मासूम से दुष्कर्म करने व जान से मारने की रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को पांच जून 2022 को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ 20 सितंबर 2022 को कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की।
गुरुवार को सुनवाई पूरी हुई। जिसमें दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की जिरह, गवाहों के बयान व साक्ष्यों के आधार पर पॉक्सो कोर्ट के विशेष न्यायाधीश मोहम्मद कमर ने पप्पू कुशवाहा को मासूम से दुष्कर्म के मामले में दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 40 हजार रुपये जुर्माना लगाया।