पांच मार्च को भगत सिंह इलाके में लाला हरदौल की मूर्ति तोड़े जाने की घटना के चार दिन बाद भी आरोपियों का अभी कुछ पता नहीं चला है। इससे हिंदू संगठनों में गुस्सा है। बुधवार को एक हिंदू संगठन के प्रदर्शन व चक्का जाम करने की चेतावनी के बाद प्रशासन मुस्तैद रहा। कई थानों की पुलिस के अलावा पीएसी भी डेरा डाले रही।
जिन लोगों पर प्रदर्शन को हवा देने का संदेह था, पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया है। आश्वासन के बाद ही उन्हें घर जाने दिया कि वे प्रदर्शन या चक्का जाम की स्थिति नहीं बनने देंगे। जालौन सीओ कुलदीप सिंह के साथ एसडीएम कोंच संजय कुमार सिंह कोतवाली में कैंप कर रहे हैं।
मालूम हो गुरुवार सुबह से ही जिले की कई थानों की पुलिस फोर्स व डेढ प्लाटून पीएसी कोंच में मौजूद थी। एट एसओ वीरेंद्र सिंह, कैलिया थाने के एसआई बीडी बुंदेला, माधौगढ इंसपेक्टर वीपी चतुर्वेदी फोर्स के साथ यहां कैंप करते रहे। इसके अलावा सीओ जालौन कुलदीप सिंह को कोंच सीओ की गैर मौजूदगी में यहां लगाया गया है। जो दिन भर कोंच एसडीएम के साथ कोतवाली में बैठ कर स्थिति पर निगाह जमाए रहेे।
कोतवाली पुलिस किसी भी आंदोलन को ना होने देने की रणनीति पर सुबह से ही लग गई थी। कोतवाल मनवीर सिंह ने आरएसएस के नगर कार्यवाहक शैलेष सोनी के अलावा बजरंग दल से बाबस्ता आशुतोष रावत को घरों से बुलाकर कोतवाली में बैठा लिया। बाद में उन्हें किसी प्रकार का प्रदर्शन ना करने के आश्वासन के बाद ही छोड़ा गया।