उरई। राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को एक साल से मानदेय नहीं मिल रहा है। नाराज महिलाओं ने बुधवार को विकास भवन में धरना प्रदर्शन किया। बाद में मुख्य विकास अधिकारी को ज्ञापन देकर जल्द मानदेय दिलाने की मांग की।
विकास भवन में धरने पर बैठी शैलजा, विमला, सुमन, नीलम, मीना, सीमा, इंद्रकुमारी, अंजना, श्यामकुंवर आदि महिलाओं ने बताया कि राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की ओर से चलाए जा रहे स्वयं सहायता समूह की कैडर सीनियर को एक साल से मानदेय नहीं दिया गया है। एक कैडर समूह को समूह की ट्रेनिंग के लिए 25 हजार रुपये दिया जाता है। मानदेय न मिलने से उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। घर के खर्च और बच्चों की पढ़ाई में भी परेशानी हो रही है। इस बाबत 23 मार्च को उपायुक्त स्वत: रोजगार को ज्ञापन देकर एक साल का बकाया मानदेय देने की गुहार लगाई थी। दस दिन बीत जाने के बाद भी मानदेय नहीं दिया गया। इसकी वजह से हम लोगों को मजबूर होकर आंदोलन करना पड़ रहा है। महिलाओं ने जल्द मानदेय दिलाए जाने की मांग की है। इस दौरान सावित्री, कमला, क्रांति, अनीता, रेनू चौधरी, बबीता, संतोषी, दमयंती, सीमा, गुड्डी, सोनम, ममता, आरती मिश्रा आदि मौजूद रही।