परिजनों के साथ मौजूद यूनुस का पिता इदरीश
- फोटो : amar ujala
आटा थाना क्षेत्र के परासन गांव निवासी यूनुस (20) पुत्र इदरीश अपने तीन साथियों के साथ सोमवार दोपहर बेतवा में नहाने गया था। नहाते वक्त अचानक यूनुस नदी के तेज बहाव के चपेट में आ गया और देखते ही देखते वह डूब गया। इस पर उसके साथी चीखते चिल्लाते हुए गांव की ओर दौड़े और परिजनों को सूचना दी।
इसके बाद रोते बिलखते परिजन भी मौके पर पहुंचे और कुछ ही देर में पुलिस व गोताखोर की टीम भी पहुंच गई। काफी मशक्कत के बाद शाम को गोताखोरों के हाथ यूनुस का शव लगा। शव देखते ही पिता इदरीश गश खाकर गिर गए। परिजनों ने बताया कि यूनुस दिल्ली स्थित एक फैक्ट्री में नौकरी करता था। जबकि उसके पिता इदरीश किसान हैं। पांच भाइयों मेें यूनुस सबसे बड़ा था।
सेहरा पहनने से पहले उठा जनाजा
पिता इदरीश ने रोते हुए बताया कि सबसे होनहार बेटा था यूनुस, उसके नौकरी करने से कंधे से कुछ बोझ कम हुआ था। अगले महीने ही बेटे के सिर पर सेहरा बांधने की तैयारी थी। क्या पता था कि उसे दूल्हा बनते देखने से पहले ही इन बूढ़ी आंखों को बेटे का जनाजा देखना पड़ेगा।
आपस में लिपट कर बिलख पड़े साथी
कुछ देर पहले ही पानी की लहरों में साथ खेल रहे भोलू, सलीम, फिरोज को विश्वास नहीं हो रहा था कि कुछ ही देर में उनका साथी यूनुस उनसे हमेशा के लिए जुदा हो जाएगा। तीनों सहमे दोस्त एक दूसरे के कंधे पर सिर रखकर रोते और फिर दिलासा भी दे रहे थे।