उरई। जमीन के विवाद में प्रापर्टी डीलर की करीब साढ़े तीन साल पूर्व की गई गोली मारकर हत्या के मामले में अदालत ने तीन को उम्रकैद की सजा सुनाई है। सरकारी अधिवक्ता लखन लाल निरंजन ने बताया कि मंगलवार को जिला जज प्रदीप कुमार कंसल ने तीनों को सजा सुनाई है। तीनों पर दस-दस हजार रुपये जुर्माना भी किया गया।
सरकारी अधिवक्ता ने बताया कि 16 नवंबर 2013 को सिरसाकलार के ग्राम जहरौली निवासी दिनेश पांडे पुत्र जमुना प्रसाद की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। परिजनों का आरोप था कि दिनेश पांडे और उरई स्थित चकजगदेवपुर ग्राम निवासी देवेंद्र सिंह पुत्र करन सिंह दोनों प्रापर्टी की खरीद फरोख्त का काम करते थे। किसी जमीन के सौदे में दोनों के बीच रुपयों के लेनदेन में कुछ विवाद हुआ। इसी विवाद में देवेंद्र ने अपने साथियों चरन सिंह पुत्र बंकट सिंह थाना आटा और अजय सिंह पुत्र चिंटू राजावत निवासी भिंड के साथ मिलकर देनेंद्र की गोली मारकर हत्या कर दी। इसके बाद उसका शव पिरौना नहर के पास फेंककर भाग निकले थे। परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया था। सरकारी अधिवक्ता के मुताबिक मंगलवार को तीनों को जिला जज ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपियों की ओर से अधिवक्ता रघुनाथ दास विश्नोई पैरवी कर रहे थे।