कदौरा थाना क्षेत्र के ग्राम भेड़ी खुर्द निवासी किसान राहुल सिंह (28) पुत्र राघवेंद्र सिंह के पिता के पास 10 बीघा खेती है। इसके अलावा इस बार राहुल ने 15 बीघा खेती बलकट पर ले रखी थी। उसने खेतों में गेहूं, लाही व हरी मटर की फसल बोई थी। थोड़े दिन पहले अन्ना जानवरों ने उसकी काफी फसल नष्ट कर दी थी। इसके बाद बची हुई फसल पर कुदरत की मार पड़ गई। हाल ही में हुई ओलावृष्टि व बारिश से उसकी फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई, जिसके चलते वह पिछले कई दिनों से परेशान चल रहा था।
गुरुवार की देर शाम उसके पिता खेतों की रखवाली करने चले गए। उसके बच्चे सो रहे थे वह मां और पत्नी घर के बाहर बाढ़े में जानवरों के लिए चारा तैयार कर रही थी। अकेला पाकर राहुल ने अपने कमरे के पंखे के सहारे साल का फंदा बनाकर फांसी लगा ली। चारा बनाकर जब उसकी पत्नी अपने कमरे में पहुंची तो चीखती हुई बाहर की ओर दौड़ी। उसकी चीख सुनकर राहुल की मां कमरे की तरफ आई। बेटे को फंदे पर लटका देखकर वह बेसुध होकर वहीं गिर पड़ी। रोने की आवाज सुनकर आस पास के ग्रामीण दौड़कर आए।
उन्होंने देखा तो इसकी सूचना राहुल के पिता राघवेंद्र को दी। वह दौड़ कर घर पहुंचे। ग्रामीणों की मदद से परिजनों ने शव को फंदे से उतारा, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। सुबह जानकारी पाकर पुलिस गांव पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ग्रामीणों ने किसान के आत्महत्या की सूचना गांव के लेखपाल को दी है। वह जल्द ही जांच के लिए गांव पहुंचेंगे।