मामला 29 अक्तूबर 2015 का है। माधौगढ़ कस्बे में रहने वाले गोविंद राठौर पुत्र बाबूराम की पत्नी रेखा (32) से मामूली बात पर नोकझोंक हो रही थी। दोनों के बीच की नोकझोंक ने विवाद की शक्ल ली और इस बीच आपा खोए गोविंद ने घर में रखा लोहे का मूसल उठाकर पत्नी के सिर पर कई वार किए थे। महिला की चीख-पुकार से आसपास के लोग जुटे तो हमलावर पति मौके से भाग गया था।
हमलावर के पिता बाबूराम ने ही बेटे के खिलाफ बहू की हत्या करने की रिपोर्ट कोतवाली में दर्ज कराई थी। शासकीय अधिवक्ता बृजराज सिंह राजपूत ने बताया कि दोनों पक्षों की ओर से सुनवाई पूरी होने के बाद गोविंद को पत्नी की हत्या का दोषी माना गया। एडीजे (प्रथम) अमित पाल की अदालत से गोविंद को उम्रकैद और 10 हजार रुपये की सजा सुनाई गई है।