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एटीएम का कोड पूछ उड़ाए 28 हजार

Fri, 15 Jan 2016 11:21 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, उरई
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साइबर अपराध दिनोदिन बढ़ता जा रहा है। पुलिस की टीम इन अपराधियों के आसपास भी नहीं फटक पा रही है। गुरुवार को मेडिकल कालेज में तैनात स्टाफ नर्स के मोबाइल पर ठग ने बैंक अधिक ारी बनकर एटीएम का गुप्त कोड पूछ लिया और खाते से साढ़े 28 हजार रुपये की आनलाइन खरीददारी कर डाली। जब नर्स के मोबाइल पर पैसे निकलने का मैसेज
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आया तो उसे घटना की जानकारी हुई। वह कोतवाली पहुंची और कोतवाल आलोक सक्सेना को तहरीर दी। उन्होंने मामले की जांच साइबर सेल को दी है। शहर के कालपी रोड स्थित मेडिकल कालेज कैंपस निवासी नर्स अमिता सचान ने कोतवाली पुलिस को दी तहरीर में बताया कि गुरुवार शाम उसके मोबाइल पर काल आई और कालर ने अपने को आरबीआई मुंबई का

अधिकारी बताया। उसने कहा कि आपका एटीएम पुराना हो गया है और नया जारी करना है। इसके लिए अपना खाता नंबर देना होगा। नर्स के मोबाइल पर ट्रू कालर लगा था लिहाजा उसने बोलने वाले का नाम व नंबर असली समझकर उसे अपना एटीएम का व चार नंबर का गुप्त कोड बता दिया। करीब आधा घंटे बाद ही उसके मोबाइल पर पैसे कटने का मैसेज आया
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तो उसे अपने साथ हुई धोखाधड़ी का पता चला। जब उसने बैंक के टोल फ्री नंबर पर मैसेज किया तो उसके 28 हजार 500 रुपये खाते से गायब हो चुके थे। पीड़िता कोतवाली पहुंची और अज्ञात के खिलाफ कोतवाली पुलिस को तहरीर दी। कोतवाल

आलोक सक्सेना ने सर्विलांस सेल के शोएब को बुलाकर जांच कराई तो पता चला कि मोबाइल से बात करने वाले की लोकेशन पश्चिम बंगाल की है। बताते चलें कि इससे पहले भी कोंच, कालपी , माधौगढ़ आदि में इसी तरह से ठगी की जा चुकी है। कोतवाल ने बताया कि यह अपराध तो स्वयं की सतर्कता से रुकेगा।

पढ़े लिखे लोग आ रहे है झांसे में
ऐसा नहीं कि शातिर दिमाग ठग बिना पढ़े लिखे लोगों को अपना निशाना बना रहे हों वह पढ़े लिखे व नौकरपेशा लोगों को भी निशाना बना रहे है। लोग यह समझते है कि एटीएम का गुप्त कोड नहीं बताया तो उनके साथ ठगी नहीं होगी। ठग केवल एटीएम का नंबर ही पूछकर आनलाइन खरीददारी कर लेते है। इससे पहले काेंच में शिक्षक, उरई में बैंक कर्मी तक के साथ ठगी हो चुकी है। कई मर्तबा पुलिस वाले तक इनके झांसे में फं स चुके हैं।
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ठगी से बचने के लिए क्या करें
-अंजान मोबाइल काल पर बैंक संबधी कोई भी जानकारी न दें।
-अपने नजदीकी बैंक अधिकारी से बात कर लें।

-मोबाइल पर अपने बीमा से संबंधित बात भी न करें।
-अपना एटीएम कार्ड किसी को न दें।
-एटीएम का उपयोग करने से पहले देख लें कि कोई और तो वहां नहीं है।
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