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गजब: 260 स्कूलों में बच्चों की 50 फीसदी भी उपस्थिति नहीं

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उरई। जिले के 260 विद्यालय ऐेसे है, जहां के शिक्षक और अभिभावक अपने बच्चों को पढ़ाने में रूचि नहीं ले रहे है।
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हालत यह है कि इन स्कूलों में पचास फीसदी भी बच्चे नहीं पहुंच रहे है। इस बात का खुलासा मिड डे मील ग्रहण करने वाले बच्चों की उपस्थिति को लेकर मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर मांगी गई ऑनलाइन सूचना के आधार पर हुआ है।
इस पर बीएसए चंद्रप्रकाश ने नाराजगी जाहिर की है। उन्होंने संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों और प्रधानाध्यापकों को चेतावनी दी है कि यह स्थिति ठीक नहीं है। इसमें तत्काल प्रभाव से सुधार किया जाए। पांच दिसंबर तक 70 फीसदी उपस्थिति न होने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
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जिले में 1636 स्कूल ऐसे है, जहां मिड डे मील योजना संचालित होती है। इन स्कूलों में 260 स्कूलों में पचास फीसदी भी बच्चे नहीं पहुंच रहे है। पूरे नवंबर माह में चले अभियान के दौरान डकोर ब्लॉक में टीकर के स्कूल में 11.18 फीसदी ही बच्चे पहुंचे। जबकि यहां 113 बच्चों का नामांकन है। जालौन ब्लॉक के धगुवा में उपस्थिति का प्रतिशत 8.85 रहा। जबकि यहां 47 बच्चे पंजीकृत है। कदौरा ब्लॉक के बसरेही में 94 बच्चे पंजीकृत है, यहां नवंबर माह में 19.32 प्रतिशत उपस्थिति रही।
कोंच ब्लॉक के त्रिलोकपुरा में 23 बच्चे पंजीकृत है, यहां 27.69 फीसदी उपस्थिति रही। कुठंौंद ब्लॉक के सिरसाकलार के स्कूल में 100 बच्चे पंजीकृत है। यहां की स्थिति सबसे खराब रही। यहां सिर्फ 3.11 प्रतिशत ही बच्चों की उपस्थिति रही। माधौगढ़ के सर्र में 42 बच्चे पंजीकृत है, लेकिन यहां उपस्थिति 27.94 फीसदी ही रही। महेबा ब्लॉक के खल्ला में 59 बच्चे पंजीकृत है, यहां 5.26 फीसदी उपस्थिति रही।
नदीगांव ब्लॉक के अवेरा में 30 बच्चे पंजीकृत है। यहां नवंबर माह में उपस्थिति का प्रतिशत 4.91 रहा। रामपुरा ब्लॉक के स्कूल में 283 में पंजीकृत है, यहां 34.39 फीसदी उपस्थिति रही। इन स्कूलों में बच्चों की उपस्थिति कम रहने पर महानिदेशक स्कूली शिक्षा ने नाराजगी जताते हुए उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए हैं।
जिला समन्वयक मिड डे मील अजातशत्रु राजपूत ने बताया कि 1636 स्कूलों में मिड डे मील योजना संचालित है। इसमें कक्षा एक से लेकर इंटरमीडिएट तक के स्कूल शामिल है। इनमें जांच के दौरान 260 स्कूलों में मिड डे मील का संचालन और उपस्थिति लक्ष्य के सापेक्ष ठीक नहीं मिली। बीएसए चंद्रप्रकाश ने भी इस मामले में नाराजगी जताते हुए कहा कि नवंबर माह बीत जाने के बावजूद कुछ स्कूलों द्वारा उपस्थिति में सुधार नहीं दिखाई दे रहा है।
इससे पता चलता है कि खंड शिक्षा अधिकारी और प्रधानाध्यापक अधिकारियों के आदेश के अनुपालन में रुचि नहीं ले रहे है। उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसे सभी 260 विद्यालय पांच दिसंबर तक कम से कम 70 फीसदी उपस्थिति कर सभी को मिड डे मील ग्रहण कराए।
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सुधार न होने पर होगी कार्रवाई सुधार न होने पर संबंधित स्टाफ के खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। साथ ही संबंधित खंड शिक्षा अधिकारी का दायित्व निर्धारित करते हुए उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जाएगा। -चंद्रप्रकाश, बीएसए
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