मनरेगा में जॉब कार्ड धारकों को किए जाने वाले भुगतान में पारदर्शिता लाने के लिए शासन द्वारा आधार बेस्ड पेमेंट सिस्टम शुरू किया जा रहा है। मनरेगा श्रमिकों को जल्द ही आधार प्रमाणीकरण प्रक्रिया द्वारा भुगतान किया जाएगा। इसे लेकर जिले में जॉबकार्डधारक खाते से आधार को लिंक किया जा रहा है। वहीं, आधार प्रमाणीकरण प्रकिया में धीमी गति से कार्य करने पर एपीओ सासनी को चेतावनी दी है।
आधार बेस्ड पेमेंट सिस्टम (एबीपीएस) से मनरेगा श्रमिकों की धनराशि सीधे उनके खाते में पहुंचेगी। इसे लेकर शासन स्तर से निर्देश जारी कर दिए गए हैं। इन निर्देशों के क्रम में जिले के लगभग 80 फीसदी मनरेगा श्रमिकों ने बैंक में जाकर आधार को बैंक खाते से लिंक करा लिया है। जिले में मनरेगा जॉब कार्डधारकों की संख्या लगभग 1.20 लाख है। सरकार द्वारा पहले एक सितम्बर से जॉब कार्ड धारकों के लिए आधार प्रमाणीकरण प्रक्रिया शुरू की जाने वाली थी।
इसके तहत सिर्फ आधार से लिंक बैंक खाते वाले श्रमिकों को ही मजदूरी दी जानी थी, लेकिन सरकार ने अब आधार प्रमाणीकरण भुगतान प्रक्रिया शुरू करने की तिथि बढ़ा दी है। जिले के लगभग 20 फीसदी मनरेगा श्रमिकों ने अपने आधार को बैंक खाते से लिंक नहीं कराया है। एबीपीएस लागू होने से जहां पंचायतों में फर्जी मस्टर रोल रुकेगा वहीं पंचायत से जुड़े लोग मनरेगा मजदूरी के भुगतान में हेराफेरी नहीं कर पाएंगे।
वहीं सासनी ब्लॉक द्वारा आधार से बैंक खाता लिंक कराने में लापरवाही पर एपीओ को चेतावनी जारी की है। परियोजना निदेशक राजेश कुमार कुरील ने बताया कि एबीपीएस लागू होने के बाद सिर्फ बैंक खाते से लिंक आधार वालों को ही सरकार पेमेंट करेगी। इसके लिए जिले के श्रमिक बैंक जाकर अपने खाते को आधार से लिंक करा रहे हैं।