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Hathras News: वाहनों के बोझ और ट्रैफिक अव्यवस्थाओं से जूझ रही सड़कें, किसी भी चौराहे पर नहीं ट्रैफिक सिग्नल

Wed, 15 Feb 2023 01:38 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस

सार

हाथरस के किसी भी चौराहे पर ट्रैफिक सिग्नल तक की व्यवस्था नहीं है। इस कारण आए दिन लोग दुर्घटनाओं का शिकार होते हैं। मार्गों पर लोगों ने अतिक्रमण कर रखा है। इस कारण मार्ग संकरे हो रहे हैं।
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मुरसान गेट चौराहे पर ट्रेफिक कंन्ट्रोल करते पीआरडी के जवान - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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हाथरस जिले की सड़कें वाहनों के लगातार बढ़ते बोझ और ट्रैफिक अव्यवस्थाओं से जूझ रही हैं। जिले के किसी भी चौराहे पर ट्रैफिक सिग्नल तक की व्यवस्था नहीं है। पीआरडी के जवान हाथ के इशारों से वाहनों को पास कराते हैं। इससे शहर में रोजाना जाम लगते रहते हैं।

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उल्लेखनीय है कि हाथरस जिला बनने के बाद आज तक यहां सुविधाओं का टोटा है। इन दिनों जिले की सड़कों पर ढाई लाख से अधिक वाहन दौड़ रहे हैं। शासन स्तर से सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। लेकिन जिले में यातायात व्यवस्था आज भी बिना सिग्नल के चल रही है। इस कारण आए दिन लोग दुर्घटनाओं का शिकार होते हैं।

मार्गों पर लोगों ने अतिक्रमण कर रखा है। इस कारण मार्ग संकरे हो रहे हैं। शहर व कस्बा में जाम लोगों की दिनचर्या में शामिल हो गया है। शहर के किशोर टाकीज चौराहा, नवीपुर चौराहा, सासनी गेट चौराहा आदि चौराहों पर वाहनों की हर रोज लंबी कतारें लगती है। इसके बाद यातायात को नियंत्रित करने पर किसी ध्यान नहीं दिया है।
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जिस हिसाब से जिला बना है, उस हिसाब से यातायात नियंत्रण के पर्याप्त इंतजाम नहीं है। लोग मनमर्जी से वाहनों का संचालन करते हैं। यदि सिग्नल आदि लग जाए तो काफी हद तक जाम की समस्या खत्म हो जाएगी। - अमित बंसल, राहगीर
एक दिन निकलने के साथ शहर की सड़कें संकरी हो जाती हैं। उसके बाद चौराहों पर भी यातायात नियंत्रण के इंतजाम नहीं है। इस कारण लोग सुबह से शाम तक जाम में पिसते हैं। इस पर अधिकारियों को ध्यान देना चाहिए। - मनीष अग्रवाल, राहगीर
जिला बनने के बाद आज तक किसी ने सिग्नल लगाने की सुध नहीं ली है। अन्य जिलों में प्रमुख चौराहों पर सिग्नल स्थापित हो गए हैं। यहां आज भी पुराना ढर्रा चल रहा है। इस कारण जाम की समस्या नासूर बनी हुई है। - विकास कुमार, राहगीर

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