हाथरस। ग्राम पंचायत चुनाव से पहले मतदाता सूची में नाम बढ़वाने के लिए तहसीलों पर गुरुवार को भी ग्रामीणों की भीड़ लगी रही। नाम नहीं बढ़ने से नाराज ग्रामीणों ने एसडीएम सदर केहरी सिंह के सामने जमकर हाय-तौबा मचाई। कई गांवों से आए इन लोगों का आरोप था कि राजनीतिक दवाब में उनके गांव, गली, मोहल्ले के लोगों के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए हैं और अब उन्हें शामिल करने में आनाकानी की जा रही है। ग्रामीणों ने तहसील परिसर में नारेबाजी के बीच प्रदर्शन भी किया। काफी देर तक तहसील में शोर-शराबा मचा रहा। एसडीएम ने इन सभी को आश्वस्त किया कि नाम बढ़वाने के लिए उनकी तरफ से जो भी फॉर्म मिले हैं, जांच में अगर वह सही मिलेेंगे तो उनके नाम वोटर लिस्ट में जरूर शामिल किए जाएंगे। दरअसल, पंचायत चुनाव की वोटर लिस्ट के पुनरीक्षण का यह अभियान सात नवंबर तक चलना है। यही वजह है कि प्रधानी के दावेदार और उनके समर्थक ज्यादा से ज्यादा अपने मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट में शामिल कराने की हड़बड़ी में हैं। गुरुवार को भी सुबह से ही तहसील सदर में नाम बढ़वाने वालों की भीड़ जमा थी। कोई एक-दो फॉर्म लेकर भटक रहा था तो किसी के पास थोक में फॉर्म थे। रजिस्ट्रार कानूनगो से लेकर एसडीएम सदर के दफ्तर तक वोट बढ़वाने वालों की भीड़ थी। हर कोई चाहता था कि उनके सभी फॉर्म स्वीकार कर लिए जाएं। आरके दफ्तर के कर्मियों और एसडीएम से इन लोगों की बहसबाजी भी हो रही थी। इन लोगों का कहना था कि पूर्व में तहसील में फॉर्म भरने के बावजूद उनके नाम अभी तक वोटर लिस्ट में नहीं बढ़ाए गए हैं।