संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
बच्चा चोर गिरोह के सरगना व उसके सहयोगी की निशानदेही पर बरामद किए गए नवजात शिशु के अवशेष का पुलिस ने पोस्टमार्टम कराया। वहीं, अब उसके अवशेष को पुलिस ने डीएनए की जांच के लिए भेजा है।
मथुरा जीआरपी ने बच्चा चोरी के मामले का पिछले महीने पर्दाफाश कर मुख्य आरोपी डॉ. प्रेम बिहारी, उसकी पत्नी दयावती सहित आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। साथ ही प्रेम बिहारी के बांके बिहारी अस्पताल व हाथरस जंक्शन के अस्पताल को सीज कर दिया था।
मथुरा जीआरपी के उप निरीक्षक ने कोतवाली हाथरस गेट में पिछले महीने 13 सितंबर को चोरी किए गए एक बच्चे की मौत हो जाने पर उसे दफना दिए जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई। कोतवाली हाथरस गेट पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर रविवार को मुख्य आरोपी प्रेम बिहारी व संतोष को रिमांड पर लेकर नवजात के अवशेष को मंडी के पीछे जंगल से गड्डा खोंदकर बरामद किया था।
नवजात के की खोपड़ी के अवशेष को पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने डीएनए जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा है। कोतवाली हाथरस गेट प्रभारी इंस्पेक्टर गौरव सक्सेना ने बताया कि इस मामले की विवेचना की जा रही है। पोस्टमार्टम के बाद नवजात के अवशेष को डीएनए जांच के लिए भेज दिया गया है।