अधिकारी काफी पुलिस बल के साथ वहां पहुंच गए थे। जिला प्रशासन ने इस कार्यक्रम के आगे के आयोजन को निरस्त करने के आदेश दिए थे। बृहस्पतिवार को भी एसडीएम सदर राजकुमार, सीओ सिटी सुरेंद्र सिंह कई थानों के पुलिस बल व पीएसी के साथ गांव में मौजूद रहे। प्रशासन द्वारा लगाए गए प्रतिबंध के चलते यह धार्मिक आयोजन नहीं हुआ।
राजनेता भी पहुंचे गांव में, ली मामले की जानकारी
बृहस्पतिवार की सुबह प्रशासन के धार्मिक कार्यक्रम रुकवा दिया, तो एक समाज के काफी लोग वहां एकत्रित हो गए। वहां भीम आर्मी के कुछ पदाधिकारी भी पहुंच गए। भीम आर्मी के पदाधिकारियों ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की और यह भी कहा कि वह कानून अपने हाथ में न लें और धैर्य बनाए रखें।
इन लोगों को समझाया-बुझाया। दोपहर को पूर्व केंद्रीय मंत्री रामजीलाल सुमन व रालोद विधायक प्रदीप उर्फ गुड्डू चौधरी भी वहां पहुंचे। इन राजनेताओं ने पूरे मामले की जानकारी ली और लोगों से अपील की कि वह शांति बनाए रखें। इन राजनेताओं ने पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों से भी वार्ता की।
प्रशासन नहीं दे पाया कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा : भीम आर्मी
इस सिलसिले में भीम आर्मी के मंडलीय संगठन मंत्री कमल सिंह वालिया का कहना है कि यह कार्यक्रम प्रशासन की अनुमति लेकर किया गया था, लेकिन प्रशासन सुरक्षा नहीं दे पाया। इस कार्यक्रम में कुछ गुंडे किस्म के लोगों ने आकर व्यवधान किया और बाद में पुलिस ने भी अभद्रता की है। इसके अलावा पुलिस ने मुकदमा भी दर्ज कर लिया है। उनका कहना था कि उनकी अधिकारियों से वार्ता हुई है। अधिकारियों ने मुकदमे समाप्त करने का आश्वासन दिया है।