कलेक्ट्रेट परिसर में मंगलवार की शाम को दो कर्मचारी नेताओं में लात-घूंसे चल गए। कलेक्ट्रेट में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर फरियादियों और दूसरे कर्मचारियों की भीड़ लग गई। मौके पर अच्छा-खासा हंगामा खड़ा हो गया। वरिष्ठ कर्मचारियों ने मौके पर आकर दोनों कर्मचारियों को शांत कराया। देर शाम तक दोनों कर्मचारी नेताओं के बीच सुलह कराने के लिए बैठक कराई जा रही थीं।
दरअसल एक कर्मचारी नेता को कर्मचारी संगठन ने जिला संयोजक घोषित कर दिया था। संगठन के जिलाध्यक्ष ने घोषणा करने वाले प्रांतीय पदाधिकारी को ही फर्जी करार दे दिया। बताया जा रहा है कि मंगलवार की दोपहर जब दोनों कर्मचारी नेता आमने-सामने आए तो दोनों के बीच छींटाकशी होने लगी। बात मारपीट पर पहुंच गई। दोनों में लात-घूंसे चलने लगे। चर्चा है कि दोनों ने एक-दूसरे को जमीन पर लिटा लिया, जिससे कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कर्मचारी और वहां मौजूद लोग घटना को तमाशबीन की तरह देखते रहे। संवाद